जबलपुर/सिहोरा। जबलपुर जिले के सिहोरा नगर में गुरुवार देर रात उपजे सामुदायिक विवाद के बाद शुक्रवार को पूरे दिन प्रशासन हाई अलर्ट पर रहा। जुम्मे की नमाज को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए संवेदनशील क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई थी। भारी पुलिस बल की मौजूदगी और लगातार निगरानी के बीच नमाज शांतिपूर्वक संपन्न हुई और किसी अप्रिय घटना की सूचना नहीं मिली।
वार्ड क्रमांक-5 स्थित आजाद चौक और आसपास का इलाका सुबह से ही पुलिस छावनी में तब्दील नजर आया। मुख्य मार्गों पर बैरिकेडिंग की गई, संवेदनशील बिंदुओं पर अतिरिक्त बल तैनात किया गया और दंगा नियंत्रण दस्ता भी तैयार स्थिति में रखा गया। प्रशासन का फोकस यह सुनिश्चित करना था कि अफवाह या उकसावे की किसी भी कोशिश को तुरंत रोका जा सके।
आमने-सामने धार्मिक स्थल, इसलिए बढ़ी सतर्कता
आजाद चौक क्षेत्र में दुर्गा मंदिर और मदीना मस्जिद अहले सुन्नत आमने-सामने स्थित हैं। धार्मिक स्थलों की नजदीकी और रमजान माह के चलते यह क्षेत्र पहले से ही संवेदनशील माना जाता है। गुरुवार रात किसी बात को लेकर दो पक्षों में कहासुनी हुई थी, जिसके बाद माहौल तनावपूर्ण हो गया। हालांकि पुलिस की त्वरित कार्रवाई से स्थिति को नियंत्रण में कर लिया गया और बड़ा टकराव टल गया।
15 से अधिक हिरासत में, बस से लाए गए आरोपी
घटना के बाद पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और स्थानीय जानकारी के आधार पर संदिग्धों की पहचान शुरू की। अब तक दो दर्जन से अधिक लोगों को चिन्हित किया गया है, जिनमें से 15 से ज्यादा को एहतियातन हिरासत में लिया गया है। कुछ संदिग्धों को अलग-अलग थानों में रखा गया था, जिन्हें शुक्रवार को कड़ी सुरक्षा में पुलिस बस से सिहोरा लाया गया।
पूरी कार्रवाई वरिष्ठ अधिकारियों की निगरानी में की गई। उपद्रव में इस्तेमाल की गई कुछ गाड़ियों को भी जब्त किया गया है। पुलिस का कहना है कि दोषियों के खिलाफ प्रतिबंधात्मक धाराओं के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
वरिष्ठ अधिकारियों ने किया निरीक्षण
घटना की सूचना मिलते ही जबलपुर रेंज के आईजी, डीआईजी, कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक मौके पर पहुंचे। देर रात तक फ्लैग मार्च और गश्त जारी रही। अधिकारियों ने हालात की समीक्षा कर आवश्यक निर्देश दिए। पुलिस अधीक्षक ने स्पष्ट किया कि कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा।
शुक्रवार को नमाज से पहले ही दोपहर 1:30 बजे के आसपास अतिरिक्त बल की तैनाती सुनिश्चित कर दी गई थी। मस्जिद परिसर और आसपास के इलाकों में लगातार निगरानी रखी गई, जिससे नमाज शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न हो सकी।
सोशल मीडिया पर सख्त नजर
प्रशासन ने सोशल मीडिया मॉनिटरिंग भी तेज कर दी है। अफवाह फैलाने या भड़काऊ पोस्ट साझा करने वालों के खिलाफ आईटी एक्ट और अन्य संबंधित धाराओं में कार्रवाई की चेतावनी दी गई है। पुलिस द्वारा सीसीटीवी फुटेज खंगाली जा रही है और प्रत्यक्षदर्शियों से पूछताछ कर विवाद की वास्तविक वजह की जांच की जा रही है।
शांति की अपील, जनजीवन लौट रहा सामान्य
तनाव के मद्देनजर प्रशासन ने दोनों समुदायों के प्रतिनिधियों और शांति समिति के सदस्यों के साथ बैठक कर संवाद स्थापित किया। सभी से संयम और सहयोग बनाए रखने की अपील की गई। अधिकारियों ने भरोसा दिलाया कि कार्रवाई निष्पक्ष और तथ्यों के आधार पर होगी।
फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है। बाजार धीरे-धीरे खुलने लगे हैं और सामान्य जनजीवन पटरी पर लौटता दिख रहा है। प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि किसी भी प्रकार की अफवाह पर ध्यान न दें और शांति एवं सौहार्द बनाए रखने में सहयोग करें।


