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March 21, 2026
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‘लक्ष्मी निवास’ में मानसी जोशी रॉय का दमदार अभिनय, 3 मिनट 29 सेकंड का मोनोलॉग एक ही टेक में किया पूरा


मुंबई, 13 मार्च )। टेलीविजन की दुनिया में जब कोई कलाकार अपनी भावनाओं को पूरी सच्चाई के साथ पर्दे पर उतारता है, तो वह सीन यादगार बन जाता है। इन दिनों टीवी शो ‘लक्ष्मी निवास’ में ऐसा ही एक भावनात्मक सीन दर्शकों के बीच चर्चा का विषय बना हुआ है। 

इस शो में मुख्य भूमिका निभा रहीं अभिनेत्री मानसी जोशी रॉय ने एक लंबा मोनोलॉग दिया, जिसने दर्शकों को काफी प्रभावित किया है।

खास बात यह है कि यह पूरा मोनोलॉग उन्होंने बिना किसी कट के एक ही टेक में पूरा किया। इस सीन के बाद सोशल मीडिया पर उनकी एक्टिंग की जमकर तारीफ हो रही है।

शो की कहानी एक मध्यमवर्गीय परिवार के जीवन के भावनात्मक पहलुओं को दिखाती है। हाल ही में प्रसारित हुए एक एपिसोड में लक्ष्मी के किरदार ने लगभग 3 मिनट 29 सेकंड का मोनोलॉग दिया। इस दौरान लक्ष्मी अपने दिल की कई दबी हुई भावनाओं को सामने लाती नजर आती है। इतना लंबा मोनोलॉग देना किसी भी कलाकार के लिए आसान नहीं होता, लेकिन मानसी जोशी रॉय ने इसे बेहद सहज तरीके से किया।

इस सीन के बारे में आईएएनएस से बात करते हुए मानसी जोशी रॉय ने कहा, ”यह मेरे लिए एक कलाकार के रूप में संतोष देने वाला अनुभव था। यह मोनोलॉग दो पन्नों से भी ज्यादा लंबा था और इसे ठीक तरह से समझने और महसूस करने के लिए मैंने लगभग दो दिनों तक तैयारी की। मैंने डायलॉग के जरिए उस भावनात्मक यात्रा को समझने की कोशिश की, जिससे मेरा किरदार गुजर रहा था। जब कलाकार किसी सीन की भावनाओं को भीतर से महसूस करता है, तभी वह दर्शकों तक सही तरीके से पहुंच पाता है।”

मानसी ने कहा, ”जब आखिरकार इस सीन की शूटिंग का समय आया तो मैंने इसे एक ही टेक में पूरा करने की कोशिश की। मैंने मास्टर शॉट और क्लोज-अप दोनों के लिए पूरा मोनोलॉग बिना रुके एक ही बार में निभाया। एक अभिनेता के लिए ऐसा पल बेहद रोमांचक होता है, क्योंकि इसमें पूरी एकाग्रता और भावनात्मक जुड़ाव की जरूरत होती है। जब सीन खत्म हुआ तो मुझे अंदर से खुशी महसूस हुई, क्योंकि यह मेरे अभिनय के लिए एक बड़ी चुनौती थी।”

इस मौके पर मानसी ने डायलॉग लिखने वाली लेखिका स्नेहा देसाई की भी तारीफ की। उन्होंने कहा, “इस मोनोलॉग को बहुत ही ईमानदारी और गहराई के साथ लिखा गया है। जब किसी सीन की लिखावट इतनी मजबूत होती है, तो कलाकार को उसे निभाने में एक अलग तरह की ऊर्जा मिलती है। अच्छी कहानी और मजबूत डायलॉग्स ही किसी सीन को खास बनाते हैं और कलाकार को अपना सर्वश्रेष्ठ देने का मौका देते हैं।”

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