जबलपुर में चलती ट्रेनों पर पत्थर फेंककर सोशल मीडिया के लिए रील बनाने का खतरनाक चलन सामने आया है। शोभापुर फाटक के पास रेलवे लाइन किनारे रहने वाले कुछ नाबालिग बच्चों को आरपीएफ ने पकड़कर थाने लाया, जहां पूछताछ में चौंकाने वाला खुलासा हुआ। बच्चों ने बताया कि वे आपस में शर्त लगाकर ट्रेन की खिड़की के नीचे पत्थर मारते हैं और उसी दौरान वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर अपलोड करते हैं।
आरपीएफ थाना प्रभारी के अनुसार, इस मामले में कुल 10 नाबालिगों को हिरासत में लेकर उनके अभिभावकों को भी थाने बुलाया गया। पुलिस ने पालकों को सख्त समझाइश देते हुए बताया कि इस तरह की हरकतें न सिर्फ यात्रियों की जान के लिए खतरा हैं, बल्कि रेलवे संपत्ति को नुकसान पहुंचाने का गंभीर अपराध भी हैं।
आरपीएफ ने स्पष्ट किया कि इससे पहले भी इसी तरह की घटनाओं पर बच्चों के परिजनों को बुलाकर चेतावनी दी जा चुकी है। बावजूद इसके दोबारा ऐसी हरकत सामने आने पर अब सख्त रुख अपनाया गया है। अधिकारियों ने चेताया कि यदि भविष्य में फिर से कोई बच्चा इस तरह की गतिविधि में शामिल पाया गया, तो संबंधित अभिभावकों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
आरपीएफ ने आम नागरिकों से भी अपील की है कि यदि रेलवे ट्रैक या ट्रेनों के आसपास इस तरह की गतिविधियां दिखाई दें, तो तुरंत पुलिस को सूचना दें, ताकि किसी बड़े हादसे को समय रहते रोका जा सके।


