नई दिल्ली। ग्लोबल आइकन प्रियंका चोपड़ा जोनस का कहना है कि उनकी अंतरराष्ट्रीय क्रिएटिव जर्नी अभी अधूरी है और उन्हें अंग्रेज़ी भाषा के काम में बहुत कुछ हासिल करना बाकी है।
प्रियंका, जिन्होंने 2015 में क्वांटिको से हॉलीवुड में कदम रखा, ने IANS से खास बातचीत में कहा कि हिंदी सिनेमा में लगभग हर जॉनर को एक्सप्लोर करने के बावजूद, अंग्रेज़ी भाषा के प्रोजेक्ट्स में वे “सतह को भी नहीं छू पाई हैं।”
उन्होंने कहा, “एक कलाकार के रूप में मेरे अंदर अभी भी बहुत भूख बाकी है। मैं चाहती हूं कि अंतरराष्ट्रीय कामों में भी उतनी ही विविधता ला सकूं जितनी हिंदी फिल्मों में लाई है।”
दो राष्ट्रीय पुरस्कार और पद्म श्री से सम्मानित प्रियंका ने अपने प्रोडक्शन हाउस पर्पल पेबल पिक्चर्स के जरिए भी सार्थक कहानियों का समर्थन करने की इच्छा जताई। उन्होंने कहा कि Born Hungry, Ventilator, Pani, To Kill a Tiger जैसे प्रोजेक्ट्स का मकसद उन कलाकारों और फिल्मकारों को मंच देना है जिन्हें वैश्विक पहचान की जरूरत है।
प्रियंका ने कहा, “मैंने इंडस्ट्री में कदम रखा तो मुझे नहीं पता था कि किससे मदद मांगें। शायद इसलिए मेरी कंपनी का उद्देश्य उन लोगों के लिए ‘कंधा’ बनना है जो अपनी कहानियों को दुनिया तक पहुंचाना चाहते हैं।”


