जबलपुर। तनाव, अनियमित दिनचर्या और बढ़ती स्वास्थ्य समस्याओं के बीच योग को जन-जन तक पहुंचाने के उद्देश्य से रानी दुर्गावती विश्वविद्यालय के योग विभाग द्वारा एक सराहनीय पहल की गई है। विश्वविद्यालय के एम.ए. तृतीय सेमेस्टर के छात्र-छात्राओं द्वारा पुलिस लाइन, एसपी ऑफिस के पीछे स्थित परिसर में 10 दिवसीय नि:शुल्क योग शिविर का भव्य शुभारंभ किया गया। यह शिविर 3 फरवरी से 12 फरवरी 2026 तक आयोजित किया जा रहा है।
इस योग शिविर का उद्देश्य विशेष रूप से पुलिस विभाग के कर्मचारियों, उनके परिवारजनों एवं आम नागरिकों को योग के माध्यम से शारीरिक, मानसिक और भावनात्मक रूप से स्वस्थ बनाना है। पुलिस जैसी तनावपूर्ण सेवा में कार्यरत कर्मियों के लिए यह शिविर एक तरह से मानसिक शांति और ऊर्जा पुनर्संचार का माध्यम बन रहा है।
चिकित्सक और एसपी रहे अतिथि
उद्घाटन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शहर के प्रसिद्ध डायबिटीज़ एवं अस्थमा विशेषज्ञ डॉ. परिमल स्वामी उपस्थित रहे, जिन्होंने अपने संबोधन में कहा कि “आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में योग केवल व्यायाम नहीं बल्कि जीवनशैली सुधारने का सबसे सशक्त माध्यम है। नियमित योग से मधुमेह, अस्थमा, उच्च रक्तचाप और तनाव जैसी बीमारियों पर प्रभावी नियंत्रण संभव है।”
विशिष्ट अतिथि के रूप में पुलिस अधीक्षक श्री संपत उपाध्याय ने योग शिविर की सराहना करते हुए कहा कि पुलिसकर्मियों के लिए योग अत्यंत आवश्यक है, क्योंकि यह उन्हें तनाव प्रबंधन, एकाग्रता और मानसिक संतुलन बनाए रखने में मदद करता है। उन्होंने विश्वविद्यालय के विद्यार्थियों की इस सामाजिक पहल को अनुकरणीय प्रयास बताया।
विश्वविद्यालय के योग विशेषज्ञों की उपस्थिति
कार्यक्रम में आर.आई. श्री जयप्रकाश आर्य, रानी दुर्गावती विश्वविद्यालय योग विभाग के वरिष्ठ शिक्षक डॉ. राजेश कुमार पांडे, डॉ. राकेश गोस्वामी, डॉ. रीना मिश्रा, डॉ. वंदना यादव एवं डॉ. वर्षा अवस्थी विशेष रूप से उपस्थित रहे। सभी शिक्षकों ने विद्यार्थियों को इस सेवा कार्य के लिए शुभकामनाएं दीं और कहा कि यह शिविर उनके लिए व्यावहारिक प्रशिक्षण (फील्ड वर्क) का भी एक उत्कृष्ट उदाहरण है।
छात्रों के नेतृत्व में शिविर संचालन
इस 10 दिवसीय योग शिविर का संचालन विश्वविद्यालय के प्रशिक्षित योगाचार्य विद्यार्थियों द्वारा किया जा रहा है, जिनमें
अंकित चक्रवर्ती, सुनीता सिंह, पूजा धाकड़, आयुषी प्रजापति, प्राजंलि सप्रे, हर्षित प्रजापति एवं साधना यादव प्रमुख रूप से शामिल हैं। शिविर में प्रतिदिन प्राणायाम, सूर्य नमस्कार, आसन, ध्यान एवं तनाव मुक्ति अभ्यास कराए जा रहे हैं।
सांस्कृतिक शुरुआत और भावनात्मक माहौल
उद्घाटन समारोह में प्राजंलि सप्रे द्वारा मधुर गीत की प्रस्तुति दी गई, जिसने पूरे वातावरण को आध्यात्मिक और प्रेरणादायी बना दिया। वहीं कार्यक्रम का संचालन अंकित चक्रवर्ती ने कुशलतापूर्वक किया।
12 फरवरी को होगा समापन
यह नि:शुल्क योग शिविर 12 फरवरी को समापन समारोह के साथ संपन्न होगा, जिसमें प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र भी प्रदान किए जाने की संभावना है।
कुल मिलाकर यह शिविर न केवल एक शैक्षणिक गतिविधि है, बल्कि छात्रों की सामाजिक जिम्मेदारी और सेवा भावना का जीवंत उदाहरण भी है, जो पुलिस विभाग जैसे संवेदनशील क्षेत्र में स्वास्थ्य और सकारात्मक जीवनशैली का संदेश दे रहा है।


