मध्य प्रदेश के शिवपुरी जिले में एक थार वाहन से 5 लोगों के घायल होने का मामला अब राजनीतिक और कानूनी बहस का विषय बन गया है। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, यह वाहन भाजपा विधायक प्रीतम लोधी के बेटे दिनेश लोधी चला रहे थे। हादसे में 3 युवक, जो मोटरसाइकिल पर सवार थे, और 2 पैदल महिलाएं घायल हुईं। घटना के बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
रिपोर्टों के मुताबिक, पीड़ितों का कहना है कि थार पीछे से आई और पहले मोटरसाइकिल को टक्कर मारी, जिसके बाद दो महिलाएं भी उसकी चपेट में आ गईं। वायरल वीडियो और प्रत्यक्षदर्शियों के हवाले से यह भी कहा गया कि हादसे के तुरंत बाद आरोपी पक्ष ने पीड़ितों से बहस की और धमकाने की कोशिश की। कुछ रिपोर्टों में यह भी उल्लेख है कि वाहन पर “प्रीतम लोधी” और “MLA” लिखा हुआ था।
घटना के बाद घायल पक्ष ने इलाज और सुरक्षा दोनों को लेकर चिंता जताई है। ताज़ा रिपोर्टों के अनुसार, पीड़ितों ने कहा कि उन्हें पर्याप्त मदद नहीं मिली और इलाज का खर्च भी उनके लिए भारी पड़ रहा है। इस प्रकरण ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा किया है कि क्या प्रभावशाली परिवारों से जुड़े मामलों में कानून उतनी ही निष्पक्षता से लागू हो पाता है, जितना आम नागरिकों के मामलों में अपेक्षित है। अंतिम निष्कर्ष पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट होगा।


