जबलपुर। जबलपुर से रायपुर के बीच चलने वाली मूकमाटी एक्सप्रेस में इन दिनों यात्रियों की भारी भीड़ देखने को मिल रही है। खासतौर पर एसी थ्री टियर कोच में सफर करने वालों की संख्या इतनी बढ़ गई है कि हर ट्रिप में लंबी वेटिंग लिस्ट बन रही है और यात्रियों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
ट्रेन में हालात ऐसे हैं कि वेटिंग लिस्ट में 1 और 2 नंबर तक के टिकट भी कंफर्म नहीं हो पा रहे हैं, जिससे यात्रियों की चिंता और बढ़ गई है। जबलपुर से रायपुर के बीच प्रतिदिन चलने वाली यह ट्रेन गौरीघाट, बरगी, नैनपुर, बालाघाट और गोंदिया जैसे प्रमुख स्टेशनों से होकर गुजरती है और शुरुआत से ही यात्रियों से खचाखच भरी रहती है।
करीब 16 कोचों के साथ संचालित इस ट्रेन में जनरल, स्लीपर, एसी चेयरकार और एसी थ्री टियर जैसी सभी श्रेणियों के कोच मौजूद हैं, लेकिन एसी थ्री टियर कोच की मांग लगातार बढ़ रही है। वर्तमान में बी-1, बी-2 और बी-3 नाम से केवल तीन एसी थ्री कोच लगाए जा रहे हैं, जो बढ़ती भीड़ के सामने नाकाफी साबित हो रहे हैं।
गर्मी के इस मौसम में यात्रियों की संख्या और बढ़ने से स्थिति और गंभीर हो गई है। लंबे समय से सफर करने वाले यात्रियों का कहना है कि यदि एसी थ्री के कम से कम दो अतिरिक्त कोच और जोड़ दिए जाएं तो वेटिंग की समस्या काफी हद तक कम हो सकती है और यात्रियों को राहत मिल सकती है।
मूकमाटी एक्सप्रेस अब रेलवे के लिए अच्छा राजस्व देने वाली ट्रेनों में शामिल हो चुकी है, इसके बावजूद यात्रियों को उनकी मांग के अनुसार सीटें उपलब्ध नहीं हो पा रही हैं। यही कारण है कि बड़ी संख्या में लोग आरएसी और वेटिंग टिकट पर यात्रा करने को मजबूर हैं। कई बार तो यात्रियों को खड़े होकर सफर करना पड़ रहा है, जो उनकी परेशानी को और बढ़ा देता है।
यात्रियों का मानना है कि इस ट्रेन को 16 की जगह कम से कम 18 कोच के साथ चलाया जाना चाहिए, ताकि बढ़ती मांग के अनुसार सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकें और सफर को अधिक आरामदायक बनाया जा सके।


