सीहोर, 21 जून । मध्य प्रदेश के सीहोर जिले में रविवार को आयोजित जनकल्याण शिविर में केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने प्रशासनिक अधिकारियों पर निशाना साधते हुए कहा कि कुछ अफसरों को जनता का काम रोकने में मजा आता है। उन्होंने मंच से सीहोर के कलेक्टर का जिक्र करते हुए कहा कि वह सरकार की मंशा पर पलीता न लाए। शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि कुछ अफसरों को जनता के काम रोकने में मजा आता है। कलेक्टर को सरकार की मंशा पर पलीता नहीं लगाना चाहिए। सरकार जिस मंशा से काम कर रही है, अफसरों को भी उसी भावना से लागू करना चाहिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार का उद्देश्य विकास कार्यों को तेजी से आगे बढ़ाना और आम जनता को सुविधाएं उपलब्ध कराना है। इसमें अफसरों को बाधा डालने के बजाय सहयोग करना चाहिए। शिवराज सिंह चौहान ने अधिकारियों को पीएम आवास योजना का जिक्र करते हुए चेताया। उन्होंने कहा कि अगर किसी का पक्का मकान नहीं है और उसने आवेदन किया है तो उसकी जांच कीजिए, फिजिकल वेरिफिकेशन कीजिए। ऐसा नहीं होना चाहिए कि आवेदन ज्यादा आए तो उसे कोई न कोई बहाना बनाकर निरस्त कर दें। इससे जनता परेशान होती है। सरकार की नीति साफ है कि योग्य लोगों को सरकार की योजनाओं का लाभ मिलेगा।
उन्होंने कहा कि उनके पास शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों से कई शिकायत आई हैं, जिनमें दावा किया गया है कि आवेदन सही होने पर भी अधिकारियों ने लोगों को केंद्र की योजनाओं का लाभ लेने से वंचित कर दिया। शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि सरकार की मंशा साफ है कि केंद्र की योजनाओं का लाभ लोगों तक पहुंचे। अधिकारी इस बात को भलीभांति समझ लें। उन्होंने प्रधानमंत्री आवास योजना का जिक्र करते हुए बताया कि 21 हजार लोगों का सर्वेक्षण पूरा हो चुका है। फिजिकल वेरिफिकेशन के बाद चेक किया जाएगा कि अगर किसी के पास आवास नहीं है तो उसका आवास बनाकर दिया जाएगा। किसी का कच्चा मकान है तो उसे पक्का बनाने के लिए योजना के तहत सहायता राशि दी जाएगी। शिवराज सिंह चौहान ने अधिकारियों से सख्ती से कहा कि मैं सभी अधिकारियों से कहना चाहता हूं कि पॉजिटिव माइंडसेट रखें।


