380 महिला जनप्रतिनिधियों ने लिया हिस्सा, जल प्रबंधन और ग्रामीण सुशासन पर हुआ मंथनजबलपुर। अंतर्राष्ट्रीय ग्रामीण महिला दिवस पर जिला पंचायत जबलपुर द्वारा होटल रॉयल आर्बिट में “नारी नेतृत्व, सशक्त पंचायत” थीम पर जिला स्तरीय महिला पंचायत नेतृत्व कॉन्क्लेव–2026 आयोजित किया गया। इसमें जिले की लगभग 380 महिला पंचायती राज जनप्रतिनिधियों ने सहभागिता की।
कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि राज्यसभा सांसद श्रीमती सुमित्रा वाल्मीकि और जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती आशा मुकेश गोटिया ने दीप प्रज्वलित कर किया। श्रीमती गोटिया ने कहा कि कॉन्क्लेव महिला नेतृत्व को प्रोत्साहित करने और पंचायतों के बीच समन्वय बढ़ाने का महत्वपूर्ण मंच है।
मुख्य सत्र में ‘प्रदान’ संस्था के तकनीकी सहयोग से ग्रामीण पेयजल प्रबंधन और नियमित जलापूर्ति की चुनौतियों पर चर्चा हुई। इसमें पाटन के ग्राम उड़ना सड़क की सरपंच रश्मि बादल, जनपद सदस्य आरती पटेल एवं मंजू गर्ग, मझौली के ग्राम दोनी की सरपंच आकृति चंसौरिया, जबलपुर के ग्राम आमाहिनौता की सरपंच कंचन पटेल और पाटन के ग्राम बरोदा छेड़ी की सरपंच छाया तिवारी ने अनुभव साझा किए। चर्चा में ग्राम, जनपद और जिला पंचायतों के बीच समन्वय पर जोर दिया गया।
ग्रामीण विकास योजनाओं पर प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता और नेतृत्व क्षमता बढ़ाने के लिए खेल आधारित गतिविधियां भी आयोजित की गईं। इन गतिविधियों का मार्गदर्शन श्रीमती आराधना तिवारी ने किया।
मुख्य अतिथि श्रीमती सुमित्रा वाल्मीकि ने पहल की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे आयोजन महिला जनप्रतिनिधियों का आत्मविश्वास बढ़ाते हैं और ग्रामीण विकास में उनकी भूमिका मजबूत करते हैं।
समापन पर श्रीमती आशा मुकेश गोटिया ने सांसद को स्मृति चिह्न भेंट किया। मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला पंचायत ने जिला पंचायत अध्यक्ष, सदस्यों और जनपद पंचायत अध्यक्षों को सम्मानित किया। अंत में श्रीमती आशा देवी पटेल ने आभार व्यक्त किया।


