जबलपुर। रांझी क्षेत्र लगातार बदहाली की ओर बढ़ता जा रहा है। नशा, गुंडागर्दी और अपराध के मामलों में रांझी थाना क्षेत्र जबलपुर में अव्वल स्थान पर पहुंच गया है। हालात इतने गंभीर हैं कि अब नगर निगम की कार्यप्रणाली भी सवालों के घेरे में आ गई है। जनता से टैक्स के नाम पर हर संभव वसूली की जा रही है, लेकिन बदले में बुनियादी सुविधाएँ नदारद हैं।
युवक कांग्रेस के पूर्व प्रदेश महासचिव रोहित सैनी ने नगर सत्ता पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि रांझी क्षेत्र के सामुदायिक भवनों की स्थिति बेहद दयनीय हो चुकी है। लाखों रुपये की लागत से बने ये भवन आज खंडहर में तब्दील हो गए हैं। न पानी की व्यवस्था है, न शौचालय, और न ही सुरक्षा।
उन्होंने बताया कि हाल ही में एक सामुदायिक भवन पर एक निजी व्यक्ति का ताला लगा पाया गया, जहाँ अवैध रूप से शराब पिलाई जा रही थी। यह दर्शाता है कि नगर निगम को यह तक जानकारी नहीं है कि भवनों की चाबियाँ किसके पास हैं।
रांझी भवन, गोकलपुर भवन और मानेगांव–मोहनिया भवन से दरवाजे, सामग्री तक चोरी हो चुकी है। सुरक्षा के अभाव में लोग अब इन भवनों में पारिवारिक कार्यक्रम आयोजित करने से कतराने लगे हैं।
कांग्रेस नेता ने कहा कि सरकार और नगर निगम जमीनी हकीकत पर ध्यान देने के बजाय केवल हवाहवाई बातें कर रहे हैं। रांझी क्षेत्र पूरी तरह उपेक्षित हो चुका है और जनता अब सरकार व नगर निगम के खिलाफ खुलकर आवाज़ उठा रही है।


