*सभी सेन्टरों में पुस्तक, बर्तन, खिलौना और थैला बैंक का लाभ उठा रहे हैं स्थानीय जरूरतमंद लोग, बच्चे भी टी.वी. और मोबाइल को छोड़कर थ्री आर सेन्टर में पहुॅंचकर उठा रहे हैं खेल का आनंद*
*गौरीघाट थ्री आर सेन्टर का एक ओर निगमायुक्त ने किया निरीक्षण वहीं संभाग क्रमांक 6 दमोहनाका और संभाग 7 के आधारताल थ्री आर सेन्टर में स्थानीय गणमान्यजनों, पार्षदगण और अधिकारियों कर्मचारियों ने कार्यक्रम आयोजित कर बच्चों के साथ उठाया आनंद और स्वच्छता की ली शपथ*
जबलपुर। नगर निगम द्वारा स्वच्छ सर्वेक्षण 2025-26 के तहत शहर में स्थापित किए गए थ्री आर सेंटर्स न केवल कचरा प्रबंधन में मील का पत्थर साबित हो रहे हैं, बल्कि ये अब जनोपयोगी केंद्रों के रूप में उभरकर सामने आए हैं। इन केंद्रों के माध्यम से नेकी की दीवार जैसी भावना को धरातल पर उतारा जा रहा है, जहाँ संपन्न परिवारों द्वारा दी गई वस्तुएं जरूरतमंदों के चेहरे पर मुस्कान ला रही हैं। आज निगमायुक्त रामप्रकाश अहिरवार के द्वारा गौरीघाट के साकेतधाम रोड़ पर निर्मित आकर्षक सुन्दर और सुव्यवस्थित थ्री आर सेन्टर का निरीक्षण कर जरूरतमंदों और बच्चों के लिए रखे सामग्रियों की प्रसंसा की वहीं नगर निगम द्वारा संभाग क्रमांक 6 के अंतर्गत आई.एस.बी.टी. परिसर और संभाग क्रमांक 7 के अंतर्गत महर्षि महेश योगी वार्ड के आलोक नगर उद्यान में स्वच्छता के संबंध में गतिविधियाॅं आयोजित की गयी। इन गतिविधियों में जहाॅं एक ओर स्थानीय बच्चे मोबाइल और टेलीवीजन से दूर होकर उद्यान में खेलने आए और थ्री आर सेन्टर्स में उपलब्ध सुविधाओं का भरपूर आनंद उठाया, वहीं दूसरी और स्थानीयजनों, पार्षद और अधिकारियों कर्मचारियों के द्वारा स्वच्छता की शपथ ली गई। आयोजनों के मौके पर स्थानीय पार्षद श्रीमती मोनिका पुष्पेन्द्र सिंह, श्रीमती अंजना मनीष अग्रहरी, अपर आयुक्त श्रीमती अंजू सिंह, जे.सी.टी.एस.एल. के सी.ई.ओ. सचिन विश्वकर्मा, संभागीय अधिकारी प्रदीप मरावी, सुरेन्द्र मिश्रा, राजस्व निरीक्षक प्रमोद श्रीवास्तव, संजीवन विश्वकर्मा, मुख्य स्वच्छता निरीक्षण श्रीमती राधा पवार, श्रीमती तृप्ति चैधरी, स्वच्छता निरीक्षक उमाकांत शर्मा आदि ने भाग लेकर उत्साहपूर्वक स्वच्छता और स्वास्थ्य को दृष्टिगत रखते हुए आयोजित कार्यक्रमों में बढ़चढ़कर भाग लिया। स्वच्छता फीडबैक के लिए उपस्थित सभी जनसमुदाय से अपील की गयी। इस अवसर पर सभी ने साफ स्वच्छ और सुन्दर शहर बनाने की दिशा में स्वच्छता संकल्प भी लिया।
*डिजिटल स्क्रीन छोड़ खेल के मैदान की ओर लौटे बच्चे*
निगमायुक्त आर.पी. अहिरवार एवं अपर आयुक्त श्रीमती अंजू सिंह ने बताया कि इन सेंटर्स की सबसे खूबसूरत तस्वीर बच्चों के रूप में सामने आ रही है। आज के डिजिटल युग में जहाँ बच्चे टीवी और मोबाइल में सिमटते जा रहे हैं, वहीं थ्री आर सेंटर्स में बने खिलौना बैंक उन्हें अपनी ओर आकर्षित कर रहे हैं। बच्चे यहाँ पहुँचकर न केवल खेल का आनंद ले रहे हैं, बल्कि सामूहिक सहभागिता और स्वच्छता के संस्कारों को भी सीख रहे हैं।
*बर्तन, पुस्तक और थैला बैंक का मिल रहा लाभ*
निगमायुक्त श्री अहिरवार ने बताया कि जनभागीदारी से थ्री आर सेन्टर्स में बच्चों के साथ-साथ स्थानीय जरूरतमंदजनों के लिए ये सेंटर काफी उपयोगी है। यहाँ संचालित पुस्तक बैंक भी आकर्षण का केन्द्र बना है, बर्तन बैंक आयोजनों में सिंगल यूज प्लास्टिक के विकल्प के रूप में उभर रहा है, थैला बैंक प्लास्टिक मुक्त शहर के संकल्प को मजबूती दे रहा है। श्री अहिरवार ने बताया कि इन सभी सेन्टरों में बच्चों के लिए खिलौने, पढ़ने वालों के लिए पुस्तकें, और जरूरतमंदों के लिए बर्तन की सुविधाएॅं उपलब्ध हैं, वहीं सिंगल यूज प्लास्टिक का उपयोग न करने थैले भी उपलब्ध हैं।
*इन जगहों पर संचालित है थ्री आर सेन्टर*
निगमायुक्त ने बताया कि गौरीघाट के अलावा काॅंचघर, सिविक सेन्टर, घंटाघर, राजागोकुलदास धर्मशाला, बढ़ा पत्थर, हनुमानताल, दमोहनाका, छोटी लाइन फाटक, कछपुरा, आलोक नगर उद्यान अधारताल और शासकीय स्कूल सगड़ा के पास थ्री आर सेन्टर्स संचालित हैं, जहाॅं से सैंकड़ो जरूरतमंद लोग लाभ उठा रहे हैं।


