यरूशलम, इजरायल को अपना नया प्रधानमंत्री 10 दिन के अंदर मिल जाएगा। इजरायली राष्ट्रपति आइजैक हर्जोग का कहना है कि वह रविवार तक नए प्रधानमंत्री को काम सौंप देंगे।रिपोर्ट के मुताबिक, याशर नेता गादी आइजेनकोट को नेसेट (संसद) के अधिकतर सदस्यों का प्रधानमंत्री बनने के लिए समर्थन मिला है। आइजनकोट को समर्थन करने से पहले पार्टियों ने राष्ट्रपति हर्जोग से सलाह ली थी। इस बैठक के बाद हर्जोग ने पार्टियों के समर्थन की घोषणा की।पार्टियों के साथ बैठक के बाद राष्ट्रपति हर्जोग ने कहा कि कुल 67 सांसदों के समूह ने आइजेनकोट का समर्थन किया है, जबकि कुल 46 सांसदों के समूह ने प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू की सिफारिश की है।हर्जोग ने बताया कि नतीजा पूरी तरह साफ है, लेकिन रविवार को सरकार बनाने का आदेश देने से पहले वह स्थिति साफ करने के लिए पार्टी नेताओं के साथ और बातचीत करेंगे।
याशर ने हर्जोग से आइजेनकोट को जल्दी काम सौंपने का आग्रह किया।इजरायल के 67 सांसदों के समर्थन के बाद भी आइजेनकोट का गठबंधन बनाने का रास्ता साफ नहीं है।ता दें कि नेतन्याहू विरोधी पार्टियां 48 सदस्यों वाले, 4 पार्टियों वाले यहूदी ग्रुप और 19 सदस्यों वाले 2 अरब पार्टियों के समूह में बंटी हुई हैं।इन सभी 6 पार्टियों ने आइजेनकोट को प्रधानमंत्री बनाने की सिफ़ारिश की थी, लेकिन यहूदी पार्टियों में से 3 ने अब तक अरब पार्टियों के साथ पार्टनरशिप करने से मना कर दिया है।
याशर पार्टी का कहना है कि आइजनकोट को 67 सीटों का समर्थन है, जो 2015 के बाद से किसी उम्मीदवार के समर्थन की सबसे बड़ी संख्या है।नेतन्याहू के पुराने गठबंधन ने चुनाव में 53 सीटें जीती थीं, लेकिन 7 सीटों वाली यूनाइटेड टोरा जूडाइज़्म ने नेतन्याहू को समर्थन देने से इनकार कर दिया, जिससे आइजेनकोट का रास्ता साफ हुआ।
10 नवंबर को शपथ के बाद नई नेसेट में लिकुड के मौजूदा स्पीकर को हटाकर नए स्पीकर का चुनाव होगा।इजरायल में 120 सीटों के चुनाव में नेतन्याहू के गठबंधन को 53 और आइजनकोट के गठबंधन को 48 सीटें मिली हैं। अरब पार्टियों को 19 सीटें मिली हैं।अरब पार्टियों के समर्थन से याशर 67 सीटें पाकर 61 के बहुमत को पार कर सकती है, लेकिन उसने बाहर से समर्थन दिया है।नेतन्याहू का खेल यूनाइटेड टोरा जूडिज्म ने बिगाड़ दिया, जिसे 7 सीटें मिली हैं। पार्टी नेतन्याहू का समर्थन करती रही थी, लेकिन इस बार पीछे हट गई।


