जबलपुर। माढ़ोताल थाना क्षेत्र में इंदौर से उधारी की रकम वसूलने आए युवक से हुई लूट का पुलिस ने 24 घंटे के भीतर खुलासा कर दिया है। पुलिस ने योजना बनाकर वारदात को अंजाम देने वाले 5 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से लूटे गए रुपयों में से 1 लाख रुपये नगद, घटना में प्रयुक्त 2 दुपहिया वाहन और 1 चाकू जब्त किया गया है। मामले में फरार आरोपी पियूष पटेल की तलाश जारी है।
जानकारी के अनुसार, ग्राम जादो पिपरा थाना मीरगंज जिला गोपालगंज बिहार निवासी, वर्तमान में लसुड़िया इंदौर में रहने वाले 25 वर्षीय अभय कुमार सिंह ने थाना माढ़ोताल में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उसने बताया कि वह निजी कंपनी में काम करता है और 6 जून 2026 को अपने दोस्त लखन चौरसिया के साथ उधारी के पैसे लेने जबलपुर आया था। दोनों पियूष पटेल के कहने पर उसके जीजा के घर पाटन बायपास क्षेत्र में रुके थे।
शिकायत के अनुसार, अभय और उसका दोस्त मझौली क्षेत्र गए, जहां बचौया तिराहा मझौली में वीरेन्द्र कुमार नेमा से व्यापार की उधारी के 2 लाख रुपये प्राप्त किए। इसके बाद दोनों वापस जबलपुर लौट आए। इसी दौरान पियूष पटेल ने फोन कर बताया कि उसका एक सामान एक लड़का लेकर आएगा, उसे साथ ले आना। कुछ देर बाद एक युवक एक्सट्रीम मोटरसाइकिल से आया और उसने एक पॉलीथिन पैकेट दिया, जिसे अभय ने अपने काले रंग के पिट्ठू बैग में रख लिया।
इसके बाद अभय और लखन इंदौर वापस जाने के लिए दीनदयाल बस स्टैंड जाने लगे। रास्ता पूछने पर वही युवक उन्हें छोड़ने की बात कहकर अपनी मोटरसाइकिल पर बैठाकर ले गया। शाम करीब 7:30 बजे सर्विस लाइन से जाते समय सफेद रंग की एक्टिवा जैसी गाड़ी पर सवार 3 युवक आए और उन्होंने अभय तथा उसके साथी पर मिर्च पाउडर फेंक दिया। इससे मोटरसाइकिल अनियंत्रित होकर गिर गई।
आरोप है कि इसके बाद बदमाशों ने चाकू दिखाकर अभय से मारपीट की और उसका काला पिट्ठू बैग छीन लिया, जिसमें 2 लाख रुपये और उपयोगी सामान रखा था। वारदात के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए। पीड़ित की रिपोर्ट पर थाना माढ़ोताल में अपराध क्रमांक 524/26, धारा 309(6) बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर विवेचना शुरू की गई।
घटना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस अधीक्षक जबलपुर सम्पत उपाध्याय के निर्देश पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अपराध जितेन्द्र सिंह और नगर पुलिस अधीक्षक माढ़ोताल बी.एस. गोठरिया के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी माढ़ोताल वीरेन्द्र सिंह पवार के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई।
जांच के दौरान पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज खंगाले, तकनीकी साक्ष्य जुटाए और मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया। पूछताछ में सामने आया कि पीड़ित अपने साथी के साथ पियूष पटेल के दोस्त राजेंद्र पटेल के साथ मोटरसाइकिल पर दीनदयाल बस स्टैंड जा रहा था। संदेह के आधार पर राजेंद्र पटेल से पूछताछ की गई, जिसमें उसने अपने साथियों के साथ मिलकर लूट की योजना बनाकर वारदात करना स्वीकार किया।
पुलिस ने मामले में राजेंद्र पटेल, शरद बेन, बृजेश उर्फ बिज्जू अन्ना बेन, आलोक पांडे और रोहित उर्फ रोहन ठाकुर को गिरफ्तार किया है। आरोपियों की निशानदेही पर लूटे गए रुपयों में से 1 लाख रुपये नगद, घटना में प्रयुक्त एक एक्सिस वाहन, एक एक्सट्रीम मोटरसाइकिल और एक चाकू जब्त किया गया है।
पुलिस ने प्रकरण में धारा 49 बीएनएस का इजाफा किया है। गिरफ्तार आरोपियों को न्यायालय में पेश कर अन्य मशरूका की बरामदगी और फरार आरोपी पियूष पटेल की भूमिका की जांच के लिए पुलिस रिमांड पर लिया गया है। पुलिस फरार आरोपी की तलाश में लगातार दबिश दे रही है।


