पूर्व छात्रों ने नवप्रवेशित विद्यार्थियों से साझा किए अनुभव, करियर एवं भविष्य की संभावनाओं पर हुआ संवाद
स्नातक विद्यार्थियों को उपाधियां एवं प्रावीण्य विद्यार्थियों को पदक प्रदान कर किया सम्मानि
शहडोल 19 सितम्बर 2026- यूनिवर्सिटी इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी, राजीव गांधी प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (यूआईटी-आरजीपीवी), शहडोल में दीक्षारंभ समारोह, पूर्व छात्र सम्मेलन एवं दीक्षांत समारोह का भव्य एवं गरिमामय आयोजन किया गया। कार्यक्रम में संस्थान के पूर्व छात्रों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। पूर्व छात्रों एवं नवप्रवेशित विद्यार्थियों के बीच संवाद विशेष रूप से रोचक रहा, जिसमें विद्यार्थियों ने कॉलेज जीवन, भविष्य, रोजगार, उच्च शिक्षा एवं करियर से जुड़ी अपनी जिज्ञासाओं के संबंध में पूर्व छात्रों से मार्गदर्शन प्राप्त किया।
कार्यक्रम में संस्थान के पूर्व छात्रों में विशेष रूप से झारखंड में माइंस इंस्पेक्टर के रूप में कार्यरत श्री आदर्श कुमार गुप्ता, श्री अभिषेक साहू, श्री शिवम श्रीवास्तव, श्री अंकित करकिट्टा, श्री उज्ज्वल सहाय, श्री ऋषभ द्विवेदी, श्री मनीष केवट, श्री शिवम शर्मा एवं एसईसीएल में कार्यरत श्री अजय पटेल सहित अन्य पूर्व छात्र उपस्थित रहे।
पूर्व छात्र श्री आदर्श गुप्ता ने साझा किए अनुभव
संस्थान के वर्ष 2021 बैच के पूर्व छात्र एवं माइंस इंस्पेक्टर श्री आदर्श गुप्ता ने विद्यार्थियों के साथ अपने अनुभव साझा किए। उन्होंने दुर्लभ मृदा खनिजों के महत्व, उनके उपयोग एवं वर्तमान समय में उनकी बढ़ती प्रासंगिकता के बारे में विद्यार्थियों को जानकारी दी। उन्होंने अपने करियर अनुभव साझा करते हुए विद्यार्थियों को प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी, लक्ष्य निर्धारण एवं निरंतर प्रयास के लिए प्रेरित किया।
स्नातक समारोह में विद्यार्थियों को उपलब्धियों के लिए किया सम्मानित
दीक्षांत समारोह में वर्ष 2026 में उत्तीर्ण विद्यार्थियों को मुख्य अतिथि श्री बी.के. जेना, महाप्रबंधक, सोहागपुर क्षेत्र, एसईसीएल द्वारा उपाधियां प्रदान की गईं। श्री जेना ने उत्तीर्ण विद्यार्थियों को बधाई एवं शुभकामनाएं देते हुए कहा कि वे अपने जीवन के नए दौर की शुरुआत करने जा रहे हैं और उन्हें आगे आने वाली चुनौतियों का धैर्य एवं संयम के साथ सामना करना चाहिए।
उन्होंने विद्यार्थियों को उनकी इंजीनियरिंग शिक्षा, भविष्य की संभावनाओं एवं करियर के संबंध में महत्वपूर्ण मार्गदर्शन दिया। श्री जेना ने कहा कि विद्यार्थियों की इंजीनियरिंग शिक्षा एवं सफलता के पीछे उनकी मेहनत के साथ-साथ माता-पिता का त्याग, संघर्ष एवं निरंतर सहयोग भी महत्वपूर्ण है। उन्होंने विद्यार्थियों से अपने माता-पिता के संघर्ष को समझते हुए जीवन में निरंतर आगे बढ़ने तथा अपने ज्ञान एवं कौशल का उपयोग समाज एवं देश के विकास में करने का आह्वान किया।
श्री बी.के. जेना की ओर से संस्थान की लाइब्रेरी के लिए पुस्तकें उपहार स्वरूप भेंट की गईं। इस पहल का उद्देश्य विद्यार्थियों में अध्ययन, ज्ञानार्जन एवं निरंतर सीखने की भावना को प्रोत्साहित करना रहा।
प्रावीण्य विद्यार्थियों को पदक प्रदान कर किया सम्मानित
श्री बी.के. जेना द्वारा वर्ष 2026 के उत्तीर्ण विद्यार्थियों एवं प्रावीण्य विद्यार्थियों को पदक प्रदान कर सम्मानित किया गया। पदक प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों में मैकेनिकल शाखा से संगीता राय, सना फातिमा एवं दिया सोनी तथा माइंस शाखा से आदर्श कुमार मिश्रा, रोहित चतुर्वेदी एवं जय प्रजापति शामिल रहे। पदक प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों में विशेष उत्साह देखा गया।
संस्थान के संचालक ने विद्यार्थियों को दिया मार्गदर्शन
संस्थान के संचालक डॉ. पंकज जैन ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए संस्थान से जुड़े रहने, अध्ययन के प्रति निरंतर समर्पित रहने तथा भविष्य में नए रोजगार के अवसरों के लिए प्रयास करते रहने की सलाह दी। उन्होंने विद्यार्थियों को केवल नौकरी प्राप्त करने तक सीमित न रहने, बल्कि रोजगार सृजक बनने की दिशा में भी अपने कौशल एवं क्षमता को विकसित करने के लिए प्रेरित किया।
डॉ. जैन ने सफल जीवन के लिए मानवीय मूल्यों के महत्व पर भी जोर दिया। उन्होंने एसईसीएल सोहागपुर क्षेत्र के महाप्रबंधक श्री बी.के. जेना एवं कार्यक्रम में उपस्थित सभी अतिथियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि विद्यार्थियों को इस प्रकार का प्रोत्साहन उनके शैक्षणिक एवं व्यावसायिक जीवन में नई ऊर्जा प्रदान करता है।
कार्यक्रम में विद्यार्थियों, पूर्व विद्यार्थियों, प्राध्यापकों एवं संस्थान के अधिकारियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। दीक्षारंभ-2026 ने जहां नवप्रवेशित विद्यार्थियों के नए शैक्षणिक सफर की शुरुआत को यादगार बनाया, वहीं पूर्व छात्र सम्मेलन एवं दीक्षांत समारोह ने संस्थान की उपलब्धियों, पूर्व छात्रों के अनुभवों तथा संस्थान से जुड़े भावनात्मक संबंधों को एक मंच पर लाने का कार्य किया।


