जिला पशु चिकित्सालय में आयोजित जनजागरूकता कार्यक्रम में बताए रेबीज से बचाव के उपाय
बालाघाट, 29 सितंबर 2026। विश्व रेबीज दिवस के अवसर पर 29 सितंबर को पशुपालन एवं डेयरी विभाग द्वारा जिला पशु चिकित्सालय, बालाघाट में निःशुल्क रेबीज टीकाकरण एवं जनजागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम के दौरान 30 पालतू श्वानों का निःशुल्क रेबीज टीकाकरण किया गया। साथ ही पशुपालकों एवं आम नागरिकों को रेबीज जैसी गंभीर एवं घातक बीमारी से बचाव के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी दी गई।
कार्यक्रम का आयोजन पशुपालन विभाग के उप संचालक डॉ. घनश्याम परते के विशेष निर्देशन में किया गया। प्रभारी जिला पशु चिकित्सालय डॉ. पंकज पुषाम के नेतृत्व तथा सिविल सर्जन डॉ. राजेश्वर सिंह नगपुरे के मार्गदर्शन में आयोजित शिविर में पालतू श्वानों एवं बिल्लियों का निःशुल्क रेबीज टीकाकरण किया गया। इस अवसर पर पशुपालकों को रेबीज के संक्रमण के कारण, संभावित लक्षण, बचाव के उपाय तथा पशुओं के नियमित टीकाकरण के महत्व के बारे में जानकारी दी गई। पशु के काटने अथवा उसके व्यवहार में असामान्य परिवर्तन दिखाई देने पर लापरवाही न बरतते हुए तत्काल पशु चिकित्सा विशेषज्ञ से संपर्क करने की सलाह भी दी गई।
उप संचालक डॉ. घनश्याम परते ने पशुपालकों एवं नागरिकों से अपील की कि वे अपने पालतू श्वानों का निर्धारित समय पर रेबीज टीकाकरण अवश्य कराएं। उन्होंने कहा कि पालतू पशुओं के नियमित टीकाकरण के साथ उनके स्वास्थ्य एवं व्यवहार पर निगरानी रखना भी जरूरी है। जागरूकता और समय पर टीकाकरण के माध्यम से रेबीज के संक्रमण को रोकने में महत्वपूर्ण मदद मिल सकती है।
कार्यक्रम के दौरान पशु चिकित्सा सहायक शल्यज्ञ डॉ. पूजा धुर्वे एवं डॉ. बादल पटले सहित पशु चिकित्सा विभाग के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे। उन्होंने पशुपालकों एवं नागरिकों को रेबीज से बचाव तथा पालतू पशुओं की देखभाल से संबंधित आवश्यक जानकारी प्रदान की। कार्यक्रम के माध्यम से “रेबीज से बचाव ही सुरक्षा है” का संदेश जन-जन तक पहुंचाने का प्रयास किया गया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में पशुपालक एवं आम नागरिक उपस्थित रहे।


