25.4 C
Jabalpur
September 20, 2026
सी टाइम्स
राष्ट्रीयहेडलाइंस

कर्पूरी ठाकुर के बेटे रामनाथ को सपरिवार दिल्ली आने का पीएम का निमंत्रण, परिजन खुश

पटना, 24 जनवरी । महान समाजवादी नेता और दिवंगत पूर्व मुख्यमंत्री कर्पूरी ठाकुर को भारत रत्न देने की घोषणा के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उनके बेटे रामनाथ ठाकुर को बुधवार को फोन कर बधाई दी और उन्होंने सपरिवार अपने आवास पर आने का आमंत्रण भी दिया।

कर्पूरी ठाकुर के परिजनों ने बताया कि प्रधानमंत्री ने करीब सुबह नौ बजे फोन किया और भारत रत्न से सम्मानित किए जाने पर बधाई दी।

बताया गया कि राज्यसभा सांसद रामनाथ ठाकुर को परिजनों के साथ 26 जनवरी को दिल्ली आवास आने का निमंत्रण भी दिया गया है। राज्यसभा सांसद ने इसके लिए प्रधानमंत्री को धन्यवाद दिया।

उन्होंने बताया कि कर्पूरी ठाकुर को भारत रत्न मिलने से जो खुशी है वह शब्दों में बयान नहीं कर सकता। केंद्र सरकार का यह सराहनीय कदम है। उन्होंने केंद्र सरकार के प्रति आभार जताते हुए कहा कि शायद उनकी जयंती के शताब्दी वर्ष पूरे होने पर यह निर्णय लिया गया होगा।

रामनाथ ठाकुर ने कहा कि बहुत खुशी है कि उनके पिता को भारत रत्न सम्मान दिया जा रहा है, जो कि देश का सर्वश्रेष्ठ सम्मान माना जाता है। मेरे परिवार के लिए इससे बड़ी खुशी और क्या हो सकती है। जननायक कर्पूरी ठाकुर के भारत रत्न दिए जाने की घोषणा का बिहार के सभी दलों ने स्वागत किया है।

इधर, समस्तीपुर के कर्पूरी ग्राम (पितौंझिया) में बुधवार को यहां के बेटे कर्पूरी ठाकुर को भारत रत्न दिए जाने की घोषणा और उनकी जयंती को लेकर उत्सव का माहौल है। उनके परिजनों को लोग बधाई देने पहुंच रहे हैं।

कर्पूरी ठाकुर का जन्म 24 जनवरी 1924 को पितौंझिया में हुआ था। वो दिसंबर 1970 में पहली बार बिहार के मुख्यमंत्री बने। वे मार्च 1967 से जनवरी 1968 तक उप मुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री रहे। उनका निधन 17 फरवरी 1988 को हो गया।

अन्य ख़बरें

पीएम मोदी से मुलाकात के बाद मलेशिया ने दिखाई ब्रह्मोस मिसाइल में रुचि, चीन की बढ़ सकती है चिंता

Newsdesk

अंतरराष्ट्रीय शांति दिवस का इतिहास: द्वितीय विश्व युद्ध की तबाही से निकला शांति का वैश्विक संकल्प

Newsdesk

2013 से पहले केजरीवाल परिवार गाजियाबाद का वोटर था, इसलिए उनकी दिल्ली में मैपिंग संभव नहीं: हर्ष मल्होत्रा

Newsdesk

Leave a Reply

Discover more from सी टाइम्स

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading