दक्षिण-पूर्व एशिया में कोविड-19 मामलों में वृद्धि की मीडिया रिपोर्ट्स के बीच, स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने इन मामलों को सामान्य मौसमी फ्लू का रुझान बताया है और किसी नई लहर की संभावना को खारिज किया है।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, सिंगापुर में साप्ताहिक कोविड संक्रमण अप्रैल के अंत में 11,100 से बढ़कर मई के पहले सप्ताह में 14,200 हो गए, जो 28 प्रतिशत की वृद्धि है। इसके साथ ही अस्पताल में भर्ती मामलों में भी 30 प्रतिशत की बढ़ोतरी देखी गई।
हांगकांग में 3 मई को समाप्त सप्ताह में कोविड से संबंधित 31 मौतें दर्ज की गईं, जो पिछले एक वर्ष में साप्ताहिक स्तर पर सबसे अधिक थीं। वहीं, 10 मई को समाप्त सप्ताह में 1,042 नए मामले दर्ज हुए, जो पिछले सप्ताह के 972 मामलों से अधिक हैं।
एम्स, नई दिल्ली के सामुदायिक चिकित्सा केंद्र में अतिरिक्त प्रोफेसर डॉ. हर्षल आर. साल्वे ने आईएएनएस को बताया, “दक्षिण-पूर्व एशिया में कोविड मामलों में वृद्धि मौसमी फ्लू के सामान्य रुझान के कारण हो रही है। अधिकांश मामले हल्के हैं और उन्हें अस्पताल में भर्ती कराने की आवश्यकता नहीं है।”
भारत में भी मामूली बढ़ोतरी देखी गई है। स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा सोमवार को की गई समीक्षा के अनुसार, 19 मई तक देशभर में केवल 257 सक्रिय मामले हैं और स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है।
केरल राज्य IMA के रिसर्च सेल के संयोजक डॉ. राजीव जयदेवन ने कहा,“कोविड-19 एक चक्रीय बीमारी है, जो हर कुछ महीनों में बढ़ती है। ये अंतराल छह से नौ महीनों तक हो सकते हैं। भारत समेत अन्य एशियाई देशों में भी यह सामान्य रूप से देखा जा रहा है। हालांकि, अस्पतालों पर कोई दबाव नहीं है और अधिकांश मामले इतने हल्के हैं कि आउट पेशेंट इलाज से ही ठीक हो रहे हैं।”
उन्होंने यह भी कहा कि, “पिछले संक्रमणों से बनी प्रतिरक्षा और वैक्सीनेशन के कारण कोविड अब पहले जैसा खतरनाक नहीं रहा। वायरस में कोई बड़ा जेनेटिक बदलाव भी नहीं देखा गया है जिससे बीमारी


