तीन महीने पहले आत्मदाह कर जान देने वाले युवक अरुण दुबे की मौत के मामले में सुसाइड नोट मिलने के बाद बड़ा खुलासा हुआ है। पत्नी और ससुराल वालों की प्रताड़ना से परेशान होकर युवक ने खुद को आग लगाकर आत्महत्या की थी। पुलिस ने मृतक की पत्नी सहित छह लोगों को गिरफ्तार कर लिया है।
क्या है पूरा मामला?
15 मई को माढ़ोताल थाना क्षेत्र स्थित आईटीआई के पास रहने वाले अरुण दुबे (40) की आग से झुलसने से मौत हो गई थी। प्रारंभ में पुलिस को यह आत्महत्या का सामान्य मामला लगा, लेकिन बाद में अरुण के घर से एक सुसाइड नोट बरामद हुआ, जिसमें लिखा था कि उसकी पत्नी प्रिया केसरवानी और ससुराल वाले उस पर 20 लाख रुपये लाने का दबाव बना रहे थे।
सुसाइड नोट में सनसनीखेज आरोप
अरुण द्वारा लिखे गए सुसाइड नोट में उसने अपनी पत्नी प्रिया केसरवानी, उसके भाई राकेश, दिनेश और सौरभ, मां रेखा और रिश्तेदार जगदीश सोनी पर 20 लाख रुपये की डिमांड का आरोप लगाया है।
अरुण ने लिखा कि शादी के कुछ समय बाद से ही उस पर पैसे लाने का दबाव डाला जाने लगा। आर्थिक तंगी के चलते वह रकम नहीं दे सका, जिसके बाद उसे लगातार मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया गया।
प्रताड़ना से तंग आकर किया आत्मदाह
दहेज की मांग और प्रताड़ना से त्रस्त होकर अरुण ने केरोसिन डालकर खुद को आग के हवाले कर दिया। घटना के बाद उसकी हालत बेहद गंभीर हो गई और कुछ दिनों के इलाज के बाद उसकी मौत हो गई थी।
पुलिस की कार्रवाई: पत्नी समेत 6 आरोपी गिरफ्तार
सुसाइड नोट के आधार पर पुलिस ने पत्नी प्रिया केसरवानी और उसके परिवार के सदस्यों से पूछताछ की। पूछताछ में आरोपों की पुष्टि होने पर पुलिस ने सभी के खिलाफ कार्रवाई की।
आईपीसी की धारा 306 (आत्महत्या के लिए उकसाना) और 498A (दहेज प्रताड़ना) के तहत प्रिया, राकेश, दिनेश, सौरभ, रेखा और जगदीश सोनी को गिरफ्तार कर लिया गया है।


