जबलपुर। विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल ने जबलपुर शहर में धार्मिक प्रतीकों के अपमान के खिलाफ एक सघन अभियान छेड़ दिया है। पिछले कई दिनों से संगठन को लगातार शिकायतें मिल रही थीं कि बड़े-बड़े अपार्टमेंट्स, कॉमर्शियल कॉम्प्लेक्स और अस्पतालों की सीढ़ियों पर देवी-देवताओं के चित्रों वाली टाइल्स लगाई जा रही हैं, जिन पर लोग थूकते हैं या जूते लेकर चढ़ते-उतरते हैं। इसे धार्मिक भावनाओं के घोर अपमान के रूप में देखा जा रहा है।क्यों उठाया गया ये कदम?
बजरंग दल के कार्यकर्ताओं का कहना है कि सीढ़ियों पर देवी-देवताओं के चित्रों वाली टाइल्स लगाना असंवेदनशील और धार्मिक अनादर की श्रेणी में आता है। लोग अक्सर इन सीढ़ियों पर थूकते हैं, गंदगी करते हैं, जिससे देवी-देवताओं का अपमान होता है।
संगठन का दावा है कि यह किसी साजिश का हिस्सा भी हो सकता है, क्योंकि सिर्फ हिंदू धर्म के देवी-देवताओं के चित्र ही ऐसे स्थानों पर लगाए जाते हैं, अन्य धर्मों के प्रतीकों की टाइल्स नहीं मिलतीं।
राइट टाउन के मोहित चेंबर में कार्यवाही
शनिवार को बजरंग दल को सूचना मिली कि राइट टाउन स्थित ‘मोहित चेंबर’ नामक बिल्डिंग में सीढ़ियों पर देवी-देवताओं की टाइल्स लगी हैं।
कार्यकर्ता मौके पर पहुंचे और पाया कि इन टाइल्स पर थूक और गंदगी के निशान साफ दिखाई दे रहे थे। इसके बाद लॉर्डगंज थाने में लिखित शिकायत दी गई और अनुमति के साथ छेनी-हथौड़ी से टाइल्स को खुद निकाल दिया गया।
इस कार्यवाही में प्रमुख रूप से बजरंग दल के मालवीय प्रखंड मंत्री श्रीधर सोनी, कार्यकर्ता राहुल तिवारी, राहुल बाकले आदि उपस्थित रहे।
बजरंग दल ने उठाए गंभीर सवाल
श्रीधर सोनी ने कहा – “हमारे देवी-देवताओं को अपमानित करने का ये तरीका नया नहीं है। लोग सीढ़ियों को साफ रखने के लिए देवी-देवताओं के चित्र लगाते हैं, लेकिन यह तरीका गलत है। धार्मिक प्रतीकों का ऐसा उपयोग पाप है।”
उन्होंने सवाल किया कि –
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क्या किसी ने कभी किसी अन्य धर्म के प्रतीकों को सीढ़ियों पर लगाया है?
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क्यों सिर्फ हिंदू धर्म को ही ऐसे प्रयोगों के लिए चुना जाता है?
संगठन का चेतावनी भरा संदेश
बजरंग दल ने साफ कहा है कि –
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भविष्य में अगर किसी बिल्डिंग, अपार्टमेंट, कॉम्प्लेक्स या अस्पताल में इस तरह की टाइल्स लगाई गई पाई गईं तो संगठन सीधे कार्रवाई करेगा।
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टाइल्स लगाने वाले बिल्डर, आर्किटेक्ट और कारीगरों को भी चेतावनी दी गई है कि वे धार्मिक प्रतीकों का गलत इस्तेमाल न करें, वरना कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
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नागरिकों से भी आग्रह किया गया है कि वे इस प्रकार की स्थितियों की सूचना तुरंत बजरंग दल को दें।
प्रशासन को भी भेजा गया ज्ञापन
संगठन ने जिला प्रशासन, नगर निगम और पुलिस प्रशासन को ज्ञापन देकर ऐसी धार्मिक टाइल्स को सार्वजनिक स्थानों, विशेषकर सीढ़ियों और शौचालयों में लगाने पर रोक लगाने की मांग की है।


