बालाघाट। दो सौ से ज्यादा ग्रामीण और आदिवासी अंचलो में कैंपो के माध्यम से स्वास्थ्य सुविधा देकर सामाजसेवा कर रहे डॉ. रमेश रंगलानी को विद्यासागर मानद उपाधि से सम्मानित किया गया है। उन्हें यह सम्मान, बालाघाट में इतिहास एवु पुरातत्व संस्थान के 24 वें समारोह में प्रदान किया गया।
आपको बताते चले कि गत दिवस
इतिहास एवं पुरातत्व शोध संस्थान तथा वीर अकादमी मध्यप्रदेश के संयुक्त तत्वावधान में राष्ट्रीय साहित्य एवं पुरातत्व का 24 वां समारोह आयोजित किया गया था। जिसमें 15 राज्यों से प्रतिष्ठित पुरातत्व विद्, इतिहास विद्, साहित्य विद्, समाज शास्त्री पहुंचे थे।
आपको बताते चले कि जिले के आयुर्वेदिक चिकित्सक डॉ. रमेश सेवलानी, जिले के दूरस्थ और आदिवासी अंचलो में स्वास्थ्य शिविरो के माध्यम से ग्रामीणों को स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान कर रहे है। खास बात यह है कि डॉ. सेवलानी, अब तक 221 निःशुल्क स्वास्थ्य शिविरों का आयोजन, अपने खर्च पर निस्वार्थ भाव से कर चुके है। वे, जिले के ग्रामीण और दूरस्थ आदिवासी अंचलो में ना केवल, ग्रामीणों की जांच करते है, बल्कि ग्रामीणो के स्वास्थ्य अनुसार, उन्हें निःशुल्क दवाओं का भी वितरण करते है। आयुर्वेदिक चिकित्सक डॉ. रमेश सेवलानी, ना केवल जिले बल्कि पड़ोसी राज्यो में भी अपने स्वास्थ्य सुविधाओ के नाम से पहचाने जाते है। निःशुल्क स्वास्थ्य सेवाओं के माध्यम से निःस्वार्थ भाव से वह पीड़ित मानवता की सेवा में लगे है।


