मण्डला। आदिवासी बाहुल्य मण्डला जिले के मवई विकासखंड के अंतर्गत मवई-कुड़ेला सडक़ निर्माण कार्य में गंभीर अनियमितताओं के बाद लोक निर्माण विभाग के तीन अधिकारियों को निलंबित कर दिया गया है। इनमें प्रभारी कार्यपालन यंत्री, प्रभारी अनुविभागीय अधिकारी और उपयंत्री शामिल हैं। मध्यप्रदेश शासन, लोक निर्माण विभाग के उप सचिव ने इनके निलंबन के आदेश जारी किए हैं। जानकारी के अनुसार लगभग 35 किमी लंबी मवई-कुड़ेला मार्ग का उन्नयन कार्य करीब 67 करोड़ रुपये की लागत से किया जा रहा था। जांच में इस निर्माण कार्य में बड़े पैमाने पर गड़बडिय़ां और लापरवाही सामने आई थीं। इन अनियमितताओं के चलते संबंधित ठेका कंपनी को पहले ही मुख्य अभियंता द्वारा ब्लैकलिस्ट कर दिया गया था। निलंबित अधिकारियों में पीडब्ल्यूडी के प्रभारी कार्यपालन यंत्री जीएस भलावी, प्रभारी अनुविभागीय अधिकारी संजय कुमार द्विवेदी और उपयंत्री उप संभाग बिछिया विकास मरकाम शामिल हैं। इन पर मध्यप्रदेश सिविल सेवा नियम 1965 के नियम 3 के उल्लंघन तथा मध्यप्रदेश सिविल सेवा नियम 1966 के नियम 9 के तहत कार्यवाही की गई है। जांच के दौरान भोपाल से मुख्य अभियंता आनंद प्रकाश राणे और अधीक्षण यंत्री योगेश कुमार सिंह की एक टीम ने निर्माण कार्य की गुणवत्ता की जांच की थी। जांच में डामर की परत निर्धारित मानकों से कम पाई गई। इसके अतिरिक्त, सीसी कांक्रीट की कोर कटिंग में भी कई खामियां सामने आई। निलंबन अवधि के दौरान तीनों अधिकारियों का मुख्यालय मुख्य अभियंता कार्यालय, सागर निर्धारित किया गया है। यह कार्यवाही लगातार सामने आ रही गड़बडिय़ों के बाद की गई है।


