जबलपुर। अवैध रूप से संचालित शराब दुकानों को लेकर अधिवक्ताओं ने कड़ा विरोध दर्ज कराया है। एडवोकेट्स सोशल एंड वेलफेयर एसोसिएशन के बैनर तले जिला अधिवक्ता संघ के सदस्यों ने कलेक्टर को ज्ञापन सौंपते हुए शहर के विभिन्न इलाकों में नियमों के उल्लंघन और देर रात तक हो रही शराब बिक्री पर रोक लगाने की मांग की है।
अधिवक्ताओं का आरोप है कि जहां शराब दुकानों के संचालन का निर्धारित समय सुबह 9 बजे से रात 11:30 बजे तक तय है, वहीं मदन महल और त्रिपुरी चौक जैसे प्रमुख क्षेत्रों में दुकानें पूरी रात संचालित हो रही हैं।
त्रिपुरी चौक को लेकर आरोप है कि यहां पाइप के जरिए रातभर अवैध रूप से शराब बेची जा रही है। वहीं मदन महल क्षेत्र में अधिवक्ता दीपक पटेल ने दावा किया कि 29 अप्रैल 2024 की रात उन्होंने खुद देखा कि दुकान का शटर बंद होने के बावजूद खिड़की के माध्यम से शराब की बिक्री जारी थी, जिसका वीडियो भी उनके पास साक्ष्य के रूप में मौजूद है।
अधिवक्ताओं ने ओवररेटिंग का मुद्दा भी उठाया है। उनका कहना है कि शराब की बोतलों पर अंकित मूल्य से 30 से 100 रुपये तक अधिक वसूली की जा रही है। इस संबंध में आबकारी विभाग और पुलिस को कई बार शिकायतें और वीडियो साक्ष्य सौंपे जाने के बावजूद अब तक कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई।
वकीलों ने आशंका जताई है कि इस अवैध कारोबार को प्रशासनिक संरक्षण मिल रहा है, जिससे यह खुलेआम फल-फूल रहा है।
ज्ञापन में मांग की गई है कि नियमों का उल्लंघन करने वाले ठेकेदारों के लाइसेंस तत्काल निरस्त किए जाएं और उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए। अधिवक्ता गोपाल पटेल ने चेतावनी दी है कि यदि प्रशासन जल्द कार्रवाई नहीं करता, तो इस मामले को लेकर मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय में जनहित याचिका दायर की जाएगी।
इस दौरान एडवोकेट दीपक पटेल, गोपाल पटेल सहित एसोसिएशन के कई सदस्य उपस्थित रहे। अब नजर इस बात पर है कि जिला प्रशासन इन गंभीर आरोपों पर क्या कदम उठाता है।


