नई दिल्ली, 2 जून । केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) की ऑन-स्क्रीन मार्किंग (ओएसएम) प्रणाली को लेकर उठे विवाद के बीच केंद्र सरकार ने बड़ा प्रशासनिक फैसला लिया। मंगलवार को केंद्र सरकार ने सीबीएसई के चेयरमैन का तबादला करते हुए नए अध्यक्ष की नियुक्ति की घोषणा कर दी है। इसके साथ ही, ओएसएम सेवाओं की खरीद प्रक्रिया की जांच के लिए एक विशेष जांच समिति का गठन भी किया गया है। कैबिनेट की नियुक्ति समिति द्वारा जारी आदेश के अनुसार, गृह मंत्रालय के गृह विभाग में अतिरिक्त सचिव के पद पर कार्यरत 2001 बैच के एजीएमयूटी (अरुणाचल प्रदेश, गोवा, मिजोरम और केंद्र शासित प्रदेश) कैडर के आईएएस अधिकारी लोखंडे प्रशांत सीताराम को सीबीएसई का नया चेयरमैन नियुक्त किया गया है।
उन्हें अतिरिक्त सचिव के स्तर और वेतनमान में यह जिम्मेदारी सौंपी गई है। वहीं, वर्तमान सीबीएसई चेयरमैन राहुल सिंह (आईएएस, बिहार कैडर 1996) को कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय के कृषि एवं किसान कल्याण विभाग में अतिरिक्त सचिव नियुक्त किया गया है। बढ़ती शिकायतों और विवादों के बीच केंद्र सरकार ने न केवल प्रशासनिक स्तर पर बदलाव किया है, बल्कि ओएसएम सेवाओं की खरीद और उससे जुड़ी प्रक्रियाओं की गहन जांच कराने का भी फैसला लिया है। माना जा रहा है कि जांच समिति की रिपोर्ट आने के बाद मूल्यांकन प्रणाली में आवश्यक सुधारों पर भी विचार किया जा सकता है। यह कदम ऐसे समय उठाया गया है जब छात्रों, अभिभावकों और शिक्षा विशेषज्ञों की ओर से ऑन-स्क्रीन मार्किंग प्रणाली को लेकर लगातार सवाल उठाए जा रहे थे। मूल्यांकन प्रक्रिया की पारदर्शिता, उत्तर पुस्तिकाओं के डिजिटल मूल्यांकन और परिणामों की सटीकता को लेकर कई शिकायतें सामने आई थीं। सरकार के इस कदम को शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है।


