भोपाल से संचालित कोडीन-आधारित अवैध नेटवर्क पर STF की बड़ी कार्रवाई, करीब तीन महीने पहले 73 हजार से अधिक बोतलें हुई थीं जब्त
मध्य प्रदेश में कोडीन-आधारित अवैध कफ सिरप रैकेट से जुड़े मामले में STF को बड़ी सफलता मिली है। रिपोर्टों के अनुसार, भोपाल से संचालित कथित अवैध कफ सिरप नेटवर्क के मास्टरमाइंड को मध्य प्रदेश STF ने केरल के तिरुवनंतपुरम से गिरफ्तार किया है। यह गिरफ्तारी उस बड़ी कार्रवाई के करीब तीन महीने बाद हुई है, जिसमें 73 हजार से अधिक कोडीन-आधारित कफ सिरप की बोतलें जब्त की गई थीं।
रिपोर्टों के मुताबिक, यह नेटवर्क अवैध रूप से कफ सिरप की मैन्युफैक्चरिंग और सप्लाई से जुड़ा था। कोडीन युक्त कफ सिरप का दुरुपयोग नशे के रूप में किया जाता है, इसलिए इस तरह के रैकेट को फार्मास्यूटिकल ड्रग ट्रैफिकिंग से जुड़ा गंभीर अपराध माना जाता है। STF आरोपी से पूछताछ कर नेटवर्क के अन्य सदस्यों, सप्लाई चैन और संभावित वित्तीय लेन-देन की जानकारी जुटा रही है।
मामले की गंभीरता इसलिए भी बढ़ जाती है क्योंकि इसका संचालन मध्य प्रदेश से बताया जा रहा है, जबकि गिरफ्तारी केरल से हुई है। इससे अंतरराज्यीय सप्लाई नेटवर्क और दवाओं के अवैध डायवर्जन की आशंका मजबूत होती है। जांच एजेंसियां अब यह पता लगाने में जुटी हैं कि अवैध सिरप किन राज्यों में सप्लाई किया जा रहा था और इसमें कौन-कौन लोग शामिल थे।
यह मामला नशे के बदलते स्वरूप और फार्मास्यूटिकल नेटवर्क के दुरुपयोग पर गंभीर सवाल खड़ा करता है। परंपरागत नशे के साथ अब दवाओं के अवैध कारोबार ने भी युवाओं और समाज के लिए बड़ा खतरा पैदा कर दिया है। ऐसे मामलों में सप्लाई चैन, लाइसेंस, स्टॉक रिकॉर्ड, ट्रांसपोर्ट और डिस्ट्रीब्यूशन सिस्टम की सख्त निगरानी बेहद जरूरी है।


