बेंगलुरु, 29 जून । कर्नाटक में वोटर लिस्ट के स्पेशल इंटेंसिव रिविजन (एसआईआर) की शुरुआत 30 जून से होगी। इसके तहत 59,050 बूथ लेवल ऑफिसर (बीएलओ) एक महीने तक घर-घर जाकर वेरिफिकेशन करेंगे, ताकि यह पक्का किया जा सके कि राज्य की वोटर लिस्ट सही, पूरी और अप-टू-डेट रहे। सोमवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में मुख्य निर्वाचन अधिकारी वी. अंबु कुमार ने बताया कि भारत निर्वाचन आयोग (ईसीआई) के निर्देशों के बाद ‘विशेष गहन पुनरीक्षण’ का काम किया जा रहा है।
इस प्रक्रिया को सबकी भागीदारी वाली, पारदर्शी और नागरिकों पर केंद्रित बताते हुए अंबु कुमार ने सभी मतदाताओं से अपील की कि वे बूथ लेवल अधिकारियों (बीएलओ) का पूरा सहयोग करें। उन्होंने कहा कि मतदाता सही जानकारी दें, गणना फॉर्म भरें और उन पर हस्ताक्षर करके अधिकारियों को सौंपें जब वे उनके घर आएं।उन्होंने राजनीतिक दलों, बूथ लेवल एजेंटों, स्थानीय निकायों, नागरिक समाज संगठनों, मीडिया और आम जनता से भी अपील की कि वे इस संशोधन प्रक्रिया को सफल बनाने में पूरा सहयोग दें।
उन्होंने बताया कि कर्नाटक उन 16 राज्यों और तीन केंद्र शासित प्रदेशों में शामिल है जहां यह प्रक्रिया चल रही है, और इसके लिए 1 अक्टूबर 2026 को पात्रता की तारीख माना गया है।घर-घर जाकर गणना का काम 30 जून से 29 जुलाई तक किया जाएगा। इस दौरान, बूथ लेवल अधिकारी अपने आवंटित मतदान क्षेत्रों के हर घर में जाएंगे और उन मतदाताओं को गणना फॉर्म देंगे जिनके नाम 16 जून 2026 तक मतदाता सूची में शामिल हैं।ड्राफ्ट मतदाता सूची 5 अगस्त को जारी की जाएगी, जिसके बाद दावे और आपत्तियां दर्ज कराने के लिए एक महीने का समय (4 सितंबर तक) दिया जाएगा।
सभी दावों और आपत्तियों के निपटारे के बाद 7 अक्टूबर को अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित की जाएगी।मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने कहा कि संशोधन के लिए सभी तैयारी का काम पूरा हो चुका है। राज्य भर में कुल 59,050 बूथ लेवल अधिकारियों को प्रशिक्षित करके तैनात किया गया है।इसके अलावा, सभी 31 जिला निर्वाचन अधिकारियों, चार अतिरिक्त जिला निर्वाचन अधिकारियों, 224 निर्वाचन पंजीकरण अधिकारियों, 336 सहायक निर्वाचन पंजीकरण अधिकारियों और 7,556 बीएलओ पर्यवेक्षकों को भी प्रशिक्षण दिया गया है।साथ ही, राजनीतिक दलों द्वारा नियुक्त 1,15,112 बूथ लेवल एजेंटों को भी तैनात किया गया है, जिनमें से अधिकांश को पहले ही प्रशिक्षित किया जा चुका है।16 जून, 2026 तक कर्नाटक में 5,54,32,314 रजिस्टर्ड वोटर हैं, और इन सभी को ‘स्पेशल इंटेंसिव रिविजन’ (विशेष गहन समीक्षा) में शामिल किया जाएगा।


