बैहर (बालाघाट)। मध्यप्रदेश जन अभियान परिषद द्वारा संवाद योजना के अंतर्गत शनिवार को जनपद पंचायत बैहर के सभागार में “प्रस्फुटन शक्ति संचय” विकासखंड स्तरीय मासिक प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ वैदिक मंत्र “संगच्छध्वं संवदध्वं” के सामूहिक उच्चारण के साथ हुआ।
प्रशिक्षण का उद्देश्य प्रस्फुटन समितियों को शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी देना तथा जनसहभागिता के माध्यम से ग्रामीण विकास को बढ़ावा देना था।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि मध्यप्रदेश अनुसूचित जनजाति आयोग के सदस्य श्री भगत सिंह नेताम ने कहा कि शासन की योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुँचना चाहिए। इसके लिए जनभागीदारी और जागरूकता आवश्यक है। उन्होंने प्रस्फुटन समितियों से ग्रामीण क्षेत्रों में सक्रिय होकर लोगों को योजनाओं की जानकारी देने की अपील की।
जिला समन्वयक श्री महेश पटले ने प्रस्फुटन समितियों की भूमिका पर प्रकाश डालते हुए कहा कि समितियाँ शासन और समाज के बीच सेतु का कार्य कर रही हैं तथा ग्रामीण विकास में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका है।
प्रशिक्षण के दौरान प्रस्फुटन संस्थाओं के संचालन, अभिलेख संधारण, नियमित रिपोर्टिंग एवं विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन सहित अन्य विषयों पर मार्गदर्शन दिया गया। साथ ही प्रतिभागियों को ग्राम स्तर पर बेहतर समन्वय के साथ विकास कार्यों में सक्रिय भूमिका निभाने के लिए प्रेरित किया गया।
इस अवसर पर नवांकुर संस्था के कुंदन मेरवी, राजीव परते, अमित पाटिल, राजेन्द्र बिसेन, मंजूलता चौधरी, विभिन्न सेक्टरों के मेंटर शिवनाथ यादव, सुरेश यादव, आकांक्षा तेकाम, संगीता मार्को, भवर सिंह मेरावी, तथा प्रस्फुटन समितियों के सक्रिय सदस्य संदीप गजभिये, अभय यादव सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता एवं समिति सदस्य उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के अंत में सभी प्रतिभागियों ने “माँ के नाम एक पेड़” अभियान को सफल बनाने, पर्यावरण संरक्षण तथा समाजहित के कार्यों में सक्रिय सहभागिता निभाने का संकल्प लिया।


