जबलपुर। सीहोर जिले के ग्राम पंचायत चंद्रबद में पार्वती बांध परियोजना के डूब प्रभावित क्षेत्र से महज 20 फीट की दूरी पर शासकीय स्कूल का नया भवन बनाए जाने के मामले में मध्यप्रदेश हाईकोर्ट ने सरकार से जवाब मांगा है। मामले की सुनवाई मुख्य न्यायाधीश अल्पेश कोगजे और न्यायमूर्ति विवेक रूसिया की खंडपीठ ने की।
याचिका में बताया गया कि पार्वती बांध परियोजना के कारण ग्राम चंद्रबद की भूमि डूब प्रभावित हो गई है। खसरा नंबर 33/1के8 के कुल 4.293 हेक्टेयर रकबे में से 4.213 हेक्टेयर भूमि डूब क्षेत्र में आ गई है। इसी भूमि पर पहले से शासकीय स्कूल भवन बना हुआ था। डूब क्षेत्र में आने के कारण स्कूल को अन्यत्र स्थानांतरित करने की आवश्यकता को देखते हुए सरकार ने नया भवन बनाने का कार्य शुरू कराया, लेकिन नया भवन पुराने भवन से महज 20 फीट की दूरी पर बनाया जा रहा है।
ग्रामवासियों के साथ याचिकाकर्ता जगदीश गुर्जर, गुलाब सिंह और नंदराम अहिरवार ने निर्माण पर आपत्ति जताई। कार्रवाई नहीं होने पर उन्होंने हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर की।
याचिकाकर्ताओं की ओर से अधिवक्ता दिनेश उपाध्याय ने तर्क दिया कि डूब प्रभावित क्षेत्र के समीप स्कूल भवन बनाना बच्चों की सुरक्षा के लिहाज से उचित नहीं है। पानी के आसपास बच्चों के खेलने की आशंका से दुर्घटना का खतरा बना रहेगा। साथ ही सरकारी राशि का भी अनावश्यक व्यय हो सकता है।
तर्कों पर विचार करते हुए खंडपीठ ने सरकारी अधिवक्ता को निर्देश दिया कि डूब क्षेत्र में स्कूल भवन निर्माण और बच्चों की सुरक्षा से संबंधित कानूनी प्रावधानों सहित सरकार अपना जवाब प्रस्तुत करे।


