पुलिस अधीक्षक ने पुलिस अधिकारियों, प्राचार्यों, शिक्षकों और विद्यार्थियों को प्रशस्तिपत्र देकर किया सम्मानित
जबलपुर। जागरूक युवा, सुरक्षित समाज और जिम्मेदार नागरिकता के उद्देश्य से उच्च शिक्षा विभाग एवं पुलिस विभाग के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित ‘जनसुरक्षा युवा सृजन संवाद’ कार्यक्रम विद्यार्थियों और पुलिस के बीच सार्थक संवाद का माध्यम बना। इसके जरिए युवाओं को कानून, सुरक्षा, सामाजिक दायित्वों और नागरिक कर्तव्यों के प्रति जागरूक करने की पहल की गई। कार्यक्रम को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले पुलिस अधिकारियों, स्कूल-कॉलेजों के प्राचार्यों, शिक्षकों एवं छात्र-छात्राओं को पुलिस अधीक्षक संपत उपाध्याय ने प्रशस्तिपत्र प्रदान कर सम्मानित किया।
इस संबंध में शनिवार 31 अक्टूबर को पुलिस कंट्रोल रूम में बैठक आयोजित की गई। इसमें पुलिस अधीक्षक संपत उपाध्याय ने कार्यक्रम की गतिविधियों और उसके उद्देश्यों पर चर्चा की। बैठक में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शहर डॉ. आयुष जाखड़, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ग्रामीण अनु बेनिवाल, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अपराध जितेन्द्र सिंह, नगर पुलिस अधीक्षक अधारताल राजेश्वरी कौरव, रक्षित निरीक्षक जयप्रकाश आर्य सहित विभिन्न शासकीय महाविद्यालयों एवं विद्यालयों के प्राचार्य, शिक्षक, विद्यार्थी और जन साहस संस्था के सदस्य उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के अंतर्गत शासकीय महाकौशल कला एवं वाणिज्य महाविद्यालय, शासकीय विज्ञान महाविद्यालय, शासकीय मोहनलाल हरगोविंददास गृह विज्ञान एवं विज्ञान महिला महाविद्यालय, सांदीपनि स्कूल अधारताल, सांदीपनि स्कूल बरगी तथा मॉडल हाई स्कूल में विशेष संवाद सत्र आयोजित किए गए। इनमें पुलिस अधिकारियों ने विद्यार्थियों को सामाजिक सुरक्षा, न्याय व्यवस्था, भारतीय संविधान, नागरिक अधिकारों एवं कर्तव्यों, साइबर सुरक्षा और आपातकालीन सेवाओं की विस्तार से जानकारी दी।
विद्यार्थियों को साइबर अपराधों से बचने, ऑनलाइन धोखाधड़ी के प्रति सतर्क रहने, कानून का पालन करने और किसी भी आपात स्थिति में उपलब्ध सहायता सेवाओं का उपयोग करने के लिए प्रेरित किया गया। संवाद के दौरान युवाओं की जिज्ञासाओं का समाधान करने के साथ पुलिस और विद्यार्थियों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने पर भी जोर दिया गया।
इस पहल के तहत विद्यार्थियों को मदनमहल और सिविल लाइन थानों का भ्रमण भी कराया गया। यहां उन्हें थाने की कार्यप्रणाली, पुलिस की विभिन्न जिम्मेदारियों तथा आम नागरिकों की शिकायतों के निराकरण की प्रक्रिया से अवगत कराया गया। इससे विद्यार्थियों को पुलिस व्यवस्था को नजदीक से समझने का अवसर मिला।
पुलिस अधीक्षक संपत उपाध्याय ने कहा कि ‘जनसुरक्षा युवा सृजन संवाद’ युवाओं और पुलिस विभाग के बीच विश्वास एवं संवाद को मजबूत करने की सार्थक पहल है। युवाओं को कानून के प्रति जागरूक रहने के साथ सामाजिक उत्तरदायित्व निभाना चाहिए और सुरक्षित एवं जिम्मेदार समाज के निर्माण में सक्रिय भूमिका निभानी चाहिए।
बैठक के दौरान कार्यक्रम के सफल आयोजन में योगदान देने वाले पुलिस अधिकारियों, विद्यालयों एवं महाविद्यालयों के प्राचार्यों, शिक्षकों तथा छात्र-छात्राओं को प्रशस्तिपत्र देकर सम्मानित किया गया।


