29.5 C
Jabalpur
September 19, 2026
सी टाइम्स
राष्ट्रीय

पापियों का विनाश पुण्य का काम : शिवराज

भोपाल, 19 मई (आईएएनएस)| मध्यप्रदेश में कोरोना के बीच आम आदमी की जिंदगी को पटरी पर लाने की कवायद तेज हो गई है। तमाम एहतियात बरतते हुए सरकारी, गैर सरकारी और औद्योगिक गतिविधियों के फिर गति पकड़ने के आसार बनने लगे हैं। राज्य में कोरोना महामारी की स्थिति को ध्यान में रखते हुए लॉकडाउन चार में सरकार ने खास रणनीति बनाई है। अब राज्य में कोरोना की स्थिति के चलते सिर्फ रेड और ग्रीन जोन ही होगा। ग्रीन जोन में लगभग आम आदमी की जिंदगी पुरानी स्थिति की तरफ लौटने लगेगी, क्योंकि इन इलाकों में सभी गाइड लाइनों को पूरा करते हुए तमाम गतिविधियां शुरू होने लगी है। राज्य में कुल 52 जिले हैं, जिसमें से सिर्फ दो जिले इंदौर व उज्जैन के संपूर्ण रेड जोन में रखे गए है। इसके अलावा भोपाल, बुरहानपुर, जबलपुर, खंडवा व देवास के नगर पालिक निगम क्षेत्र, मंदसौर , धार, कुक्षी व नीमच के नगर पालिका क्षेत्र यह रेड जोन में है। शेष पूरा प्रदेश ग्रीन जोन में है। दोनों ही जोन में स्कूल, कलेज, कोचिंग, प्रशिक्षण संस्थान, होटल, रेस्टोरेंट, हस्पिटेलिटी सेवाएं, सिनेमा हॉल, शॉपिंग मॉल, जिम, स्वीमिंग पूल, मनोरंजन पार्क, थियेटर्स, बार, ऑडिटोरियम प्रतिबंधित बंद है। इसके साथ सामुदायिक कार्यक्रम, सभी प्रकार के सामाजिक, राजनैतिक, खेलकूद, मनोरंजन, अकादमिक, सांस्कृतिक, धार्मिक आयोजन नहीं हो सकेंगे। सभी धार्मिक स्थल, पूजा स्थल तथा धार्मिक सभाएं प्रतिबंधित की गई है। ग्रीन जोन में पाबंदी वाले क्षेत्रों को छोड़कर सभी दुकानें एवं बाजार खुले खुलने लगे है, सब्जी मंडियां मंडियों में भी फिर रौनक लौटने को है, निजी व शासकीय कार्यालय पूरी क्षमता से चलेंगे तथा निजी वाहनों से लोग आवागमन किया जा सकेगा। यह स्थिति पटरी पर लौटती जिंदगी की तरफ संकेत दे रही है। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने सेामवार की रात को प्रदेश की जनता के नाम दिए संदेश में कहा, "कोरोना केा रोकने के लिए सभी सतर्क रहने की जरुरत है। इसके चलते सार्वजनिक स्थानों और कार्यस्थल पर मास्क पहनना अनिवार्य होगा, इन स्थानों पर थूकने पर जुर्माना लगाया जाएगा, फिजिकल डिस्टेंसिंग का पालन करना होगा, विवाह में अधिकतम 50 लोग शामिल हो सकेंगे, अंतिम संस्कार में अधिकतम 20 लोग जा सकेंगे, सार्वजनिक स्थानों पर शराब पीना, पान, तम्बाकू, गुटखा खाना प्रतिबंधित होगा।" उन्हेंने कहा, "दुकानों पर ग्राहकों के बीच दो गज की दूरी रखना अनिवार्य होगा तथा एक समय में दुकान पर पांच से अधिक लोग नहीं रह सकेंगे। सभी कार्य स्थलों के प्रवेश द्वार एवं प्रस्थान द्वार पर थर्मल स्क्रीनिंग, हैण्डवाश और सेनेटाईजर की व्यवस्था, पूरे कार्य-स्थल पर नियमित सेनेटाईजेशन तथा लंच ब्रेक आदि में फिजिकल डिस्टेंसिंग अनिवार्य होगी।" राज्य में नई व्यवस्था के चलते मंगलवार को बाजारों में रौनक दिखने लगी है, सुबह सात बजे से रात सात बजे तक दुकानें खुली रहेंगी और लोग शर्तों का पालन करते हुए आवाजाही कर रहे हैं। राज्य के रेड जोन केा छोड़कर ग्रीन जोन में शराब और भांग की दुकानें भी खुलने लगी है। वहीं शराब कारोबारियों ने लायसेंस फीस में कटौती किए जाने की मांग को लेकर गृहमंत्री डा नरोत्तम मिश्रा से मुलाकात की है। गृहमंत्री डॉ. मिश्रा ने रेड और ग्रीन जोन का ब्यौरा देते हुए बताया, "ग्रीन जोन में सब कुछ खुल गया है मगर रेड जोन में प्रतिबंधात्मक है। संबंधित जिलों की स्थिति को देखते हुए ही रेड और ग्रीन जोन तय किए गए है।"

 भोपाल, 11 जून | मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कांग्रेस और किसी भी नेता का नाम लिए बिना हमला बोला है और कहा है कि पापियों का विनाश तो पुण्य का काम है। चौहान ने बुधवार को टवीट कर कहा, “पापियों का विनाश तो पुण्य का काम है। हमारा धर्म तो यही कहता है। क्यों? बोलो, सियापति रामचंद्र की जय!”

चौहान के इस ट्वीट के सियासी मायने निकाले जा रहे है। कहा जा रहा है कि चौहान का यह बयान कांग्रेस केा जवाब देने के लिए है। इन दिनों कांग्रेस द्वारा शिवराज के एक ऑडियो कथित तौर पर वायरल किया जा रहा है। इस ऑडियो में शिवराज को यह कहते हुए बताया गया है कि कमलनाथ की सरकार को केंद्रीय नेतृत्व के इशारे पर गिराया गया था। इस कथित ऑडियो को लेकर कांग्रेस की ओर से हमले बोले जा रहे है।

अन्य ख़बरें

केंद्र सरकार ने 14 नए जजों की नियुक्ति को दी मंजूरी, दिल्ली हाईकोर्ट के लिए 7 नामों पर लगी मुहर

Newsdesk

पीएम मोदी ने 51 हजार से अधिक युवाओं को सौंपे नियुक्ति पत्र, बोले- ‘लहरों पर विजय लिखें, वो हौसला हमारा हो’

Newsdesk

मध्य प्रदेश: आगर मालवा में श्रद्धालुओं से भरी कार बारिश से उफनते नाले में बही, 8 की मौत

Newsdesk

Leave a Reply

Discover more from सी टाइम्स

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading