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September 1, 2026
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सैफ अली खान को मध्य प्रदेश हाई कोर्ट से लगा बड़ा झटका, जब्त की जा सकती है भोपाल स्थित संपत्ति

बॉलीवुड अभिनेता सैफ अली खान (Saif Ali Khan) को मध्य प्रदेश हाई कोर्ट से बड़ा झटका लगा है। भोपाल स्थित उनकी पुश्तैनी संपत्तियों पर 2015 से लगी स्टे को हटा दिया गया है। इसके बाद करीब 15,000 करोड़ रुपये मूल्य की संपत्तियों पर जब्ती का खतरा मंडरा रहा है।

क्या है मामला?

सैफ अली खान के पटौदी परिवार की भोपाल और रायसेन में स्थित संपत्तियां अब शत्रु संपत्ति अधिनियम-1968 के तहत केंद्र सरकार के नियंत्रण में आ सकती हैं। इस अधिनियम के तहत उन संपत्तियों को शत्रु संपत्ति घोषित किया जाता है, जिनके मालिक 1947 के विभाजन के दौरान पाकिस्तान चले गए थे।

पटौदी खानदान की प्रॉपर्टी का विवाद

नवाब हमीदुल्लाह खान की बड़ी बेटी आबिदा सुल्तान 1947 में पाकिस्तान चली गई थीं। इस कारण उनकी संपत्तियों को शत्रु संपत्ति माना गया। हालांकि, सैफ अली खान, उनकी मां शर्मिला टैगोर, और बहनें सोहा व सबा अली खान इस संपत्ति पर दावा कर रहे थे।

हाई कोर्ट ने क्यों हटाया स्टे?

मध्य प्रदेश हाई कोर्ट ने सैफ अली खान और उनके परिवार को 30 दिन का समय दिया था कि वे अपील प्राधिकरण के समक्ष अपना पक्ष रखें। लेकिन तय समय सीमा में परिवार ने कोई जवाब नहीं दिया। इसके बाद अदालत ने स्थगन आदेश (स्टे) हटा दिया।

क्या है शत्रु संपत्ति अधिनियम?

शत्रु संपत्ति अधिनियम-1968 के तहत उन लोगों की संपत्तियों पर भारत सरकार दावा कर सकती है, जो विभाजन के समय पाकिस्तान या चीन चले गए थे। पटौदी परिवार की भोपाल स्थित संपत्तियां इसी श्रेणी में आती हैं।

सरकार का अगला कदम

अब सरकार इस संपत्ति का सर्वेक्षण कराएगी। कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद यह संपत्ति केंद्र सरकार के कब्जे में आ सकती है।

आगे क्या करेगा पटौदी परिवार?

पटौदी परिवार इस फैसले को डिवीजन बेंच में चुनौती दे सकता है। हालांकि, यह देखना होगा कि क्या वे इस मामले को आगे बढ़ाने के लिए कदम उठाते हैं।

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