19.4 C
Jabalpur
October 28, 2026
सी टाइम्स
टेक्नोलॉजीराष्ट्रीय

फोटोकॉपी साथ रखने की जरूरत खत्म, सरकार ने नया आधार ऐप किया लॉन्च

Govt launches new Aadhaar app: No need to carry photocopies anymore

Aadhaar app, 09 अप्रैल। डिजिटल सुविधा और गोपनीयता की दिशा में एक बड़ा कदम उठाते हुए केंद्र ने एक नया आधार ऐप लॉन्च किया। यह ऐप उपयोगकर्ताओं को अपने आधार विवरण को डिजिटल रूप से सत्यापित और साझा करने की सुविधा देगा। इससे आधार कार्ड ले जाने या फोटोकॉपी जमा करने की आवश्यकता खत्म हो जाएगी। केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स और आईटी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने इस ऐप को आधिकारिक तौर पर राष्ट्रीय राजधानी में लॉन्च किया। डिजिटल नवाचार के महत्व पर प्रकाश डालते हुए, मंत्री ने ऐप को आधार सत्यापन को आसान, तेज और अधिक सुरक्षित बनाने के लिए एक कदम बताया। वैष्णव ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट किए गए एक वीडियो संदेश में कहा, “नया आधार ऐप, मोबाइल ऐप के जरिए फेस आईडी प्रमाणीकरण। कोई भौतिक कार्ड नहीं, कोई फोटोकॉपी नहीं।” उन्होंने कहा कि ऐप उपयोगकर्ताओं को सुरक्षित डिजिटल माध्यमों से केवल आवश्यक डेटा साझा करने का अधिकार उनकी सहमत‍ि से देता है। उन्होंने कहा, “अब केवल एक टैप से, उपयोगकर्ता केवल आवश्यक डेटा साझा कर सकते हैं, जिससे उन्हें अपनी व्यक्तिगत जानकारी पर पूरा नियंत्रण मिलता है।”

ऐप की एक खास विशेषता फेस आईडी प्रमाणीकरण है, जो सुरक्षा को बढ़ाता है और सत्यापन को सहज बनाता है। आधार सत्यापन अब केवल एक क्यूआर कोड को स्कैन करके किया जा सकता है, बिल्कुल यूपीआई भुगतान की तरह। मंत्री ने एक्स पर लिखा, “आधार सत्यापन यूपीआई भुगतान करने जितना ही सरल हो गया है। उपयोगकर्ता अब अपनी गोपनीयता सुनिश्चित करते हुए अपने आधार विवरण को डिजिटल रूप से सत्यापित और साझा कर सकते हैं।” इस नई प्रणाली के साथ, लोगों को अब होटलों, दुकानों, हवाई अड्डों या किसी अन्य सत्यापन बिंदु पर अपने आधार कार्ड की मुद्रित प्रतियां सौंपने की आवश्यकता नहीं होगी। उन्होंने जोर देकर कहा, “होटल के रिसेप्शन, दुकानों या यात्रा के दौरान आधार की फोटोकॉपी सौंपने की कोई आवश्यकता नहीं है।” यह ऐप वर्तमान में अपने बीटा परीक्षण चरण में है।

इसे मजबूत गोपनीयता सुरक्षा उपायों के साथ डिजाइन किया गया है। यह सुनिश्चित करता है कि आधार विवरण में जालसाजी, संपादन या दुरुपयोग नहीं किया जा सकता है। जानकारी सुरक्षित रूप से और केवल उपयोगकर्ता की अनुमति से साझा की जाती है। आधार को कई सरकारी पहलों का “आधार” (नींव) बताते हुए, वैष्णव ने भारत के डिजिटल भविष्य को आकार देने में एआई और डिजिटल सार्वजनिक अवसंरचना (डीपीआई) की भूमिका पर भी जोर दिया। उन्होंने हितधारकों को आगे के विकास को गति देने के लिए डीपीआई के साथ कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) को एकीकृत करने के तरीके सुझाने के लिए आमंत्रित किया, जबकि गोपनीयता को केंद्र में रखा गया।

अन्य ख़बरें

मल्लिकार्जुन खड़गे के बयान पर भड़कीं राज्यमंत्री प्रतिभा शुक्ला, बोलीं- तुरंत माफी मांगें

Newsdesk

बलतेज पन्नू ने कांग्रेस के प्रदर्शन को बताया हताशा की राजनीति, बोले-2027 में भी बारी नहीं आने वाली

Newsdesk

कॉमनवेल्थ कबड्डी चैंपियनशिप: भारतीय पुरुष टीम ने तंजानिया को 48-20 से हराया, सेमीफाइनल में प्रवेश

Newsdesk

Leave a Comment