30.5 C
Jabalpur
September 10, 2026
सी टाइम्स
जीवनशैलीप्रादेशिक

जबलपुर: बैठकी शुल्क लेने के बाद भी दुकानदारों को गंदगी से राहत नहीं, मेडिकल वेस्ट फेंके जाने की भी शिकायत

स्थानीय दुकानदारों का आरोप रोज 5 रुपये शुल्क लेते हैं निगम कर्मचारी, फिर भी नहीं उठता कचरा; मेडिकल वेस्ट फेंके जाने की भी शिकायत

जबलपुर। शहर के प्रमुख इलाकों में शामिल राइट टाउन स्थित न्यू सूतिकागृह अस्पताल के आसपास साफ-सफाई व्यवस्था को लेकर स्थानीय दुकानदारों और नागरिकों ने सवाल उठाए हैं। क्षेत्र में जगह-जगह कचरा फेंके जाने की शिकायत सामने आई है। स्थानीय लोगों के मुताबिक यहां सब्जी-भाजी सहित विभिन्न सामान बेचने वाले छोटे दुकानदारों से नगर निगम कर्मचारी प्रतिदिन करीब 5 रुपये बैठकी शुल्क लेते हैं, लेकिन इसके बावजूद आसपास नियमित सफाई और कचरा उठाव की व्यवस्था संतोषजनक नहीं है।

स्थानीय लोगों का आरोप है कि क्षेत्र में नालियों की सफाई तो की गई, लेकिन उनसे निकाला गया कचरा समय पर नहीं उठाया गया। इसके कारण सड़क और दुकानों के आसपास गंदगी बनी रहती है। कुछ लोगों ने यहां कथित तौर पर मेडिकल वेस्ट फेंके जाने की शिकायत भी की है। हालांकि मेडिकल वेस्ट कहां से आ रहा है और इसके लिए कौन जिम्मेदार है, इसकी आधिकारिक पुष्टि और जांच आवश्यक है।

दुकानदारों का कहना है कि अस्पताल के आसपास के कुछ प्रतिष्ठानों और बड़े मकानों से भी उनकी दुकानों के सामने कचरा डाल दिया जाता है। विरोध करने पर कई बार विवाद की स्थिति बनती है। ऐसे में छोटे दुकानदार खुद को दोहरी परेशानी में बताते हैं—एक तरफ उन्हें रोज बैठकी शुल्क देना पड़ रहा है, दूसरी तरफ दुकान के आसपास जमा कचरे और बदबू का सामना भी करना पड़ता है।

अब सवाल नगर निगम की व्यवस्था पर है। जब दुकानदारों से नियमित बैठकी शुल्क लिया जा रहा है तो उस क्षेत्र में बुनियादी साफ-सफाई और समय पर कचरा उठाने की जिम्मेदारी भी उतनी ही गंभीरता से क्यों नहीं निभाई जा रही? केवल शुल्क वसूली व्यवस्था का उद्देश्य नहीं हो सकती; नागरिक सुविधा, स्वच्छता और सार्वजनिक स्वास्थ्य भी प्राथमिकता होनी चाहिए।

विशेष रूप से अस्पताल के आसपास यदि सामान्य कचरे के साथ मेडिकल वेस्ट फेंके जाने की शिकायत है तो इसकी जांच और भी जरूरी हो जाती है। नगर निगम और संबंधित विभाग को मौके का निरीक्षण कर यह सुनिश्चित करना चाहिए कि कचरा कहां से आ रहा है, उसका नियमित उठाव क्यों नहीं हो रहा और यदि बायो-मेडिकल वेस्ट पाया जाता है तो उसका नियमानुसार निस्तारण हो।

यह समाचार एक जिम्मेदार नागरिक द्वारा नागरिकों के कल्याण और जनहित को ध्यान में रखते हुए उपलब्ध कराई गई जानकारी के आधार पर तैयार किया गया है। इसका उद्देश्य किसी व्यक्ति या संस्था पर आरोप तय करना नहीं, बल्कि संबंधित विभाग का ध्यान क्षेत्र की साफ-सफाई और सार्वजनिक स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या की ओर आकर्षित करना है।

अन्य ख़बरें

11 सितंबर का पंचांग: भाद्र माह की अमावस्या पर तर्पण और पिंडदान करने से पूर्वजों का मिलता है आशीर्वाद, पितृ दोष होता है दूर

Newsdesk

गुजरात : गांधीनगर में निर्माणाधीन इमारत का हिस्सा ढहा, 10 लोग घायल, रेस्क्यू ऑपरेशन जारी

Newsdesk

अशोक सिद्धार्थ ने राजनीति से लिया संन्यास, मायावती को लिखा पत्र, कहा-दुनिया से बढ़कर आपका आदेश

Newsdesk

Leave a Reply

Discover more from सी टाइम्स

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading