नई दिल्ली, 6 जून । भारत-इंग्लैंड के बीच 20 जून से शुरू हो रही पांच मुकाबलों की टेस्ट सीरीज ‘एंडरसन-तेंदुलकर ट्रॉफी’ के नाम से जानी जाएगी। आगामी विश्व टेस्ट चैंपियनशिप (डब्ल्यूटीसी) फाइनल से पहले इंग्लैंड एंड वेल्स क्रिकेट बोर्ड (ईसीबी) और भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) ने यह निर्णय लिया है।
ट्रॉफी का आधिकारिक अनावरण तेंदुलकर और एंडरसन खुद 11 जून से शुरू होने वाले डब्ल्यूटीसी फाइनल के दौरान लॉर्ड्स में करेंगे। अब तक भारत और इंग्लैंड मेजबान देश के आधार पर अलग-अलग ट्रॉफी के लिए खेलते थे। इंग्लैंड में ‘पटौदी ट्रॉफी’ दी जाती थी, जिसका नाम भारत के पूर्व कप्तान मंसूर अली खान पटौदी के नाम पर रखा गया था। भारत में, यह सीरीज ‘एंथनी डी मेलो ट्रॉफी’ के लिए खेली जाती थी, जिसका नाम भारतीय क्रिकेट प्रशासन के संस्थापक के नाम पर था।
इस साल टेस्ट सीरीज को भारत के दिग्गज बल्लेबाज सचिन तेंदुलकर और इंग्लैंड के महानतम तेज गेंदबाज जेम्स एंडरसन के नाम पर रखा गया है। आइए, जानते हैं कि दोनों खिलाड़ियों का एक-दूसरे देश के खिलाफ टेस्ट रिकॉर्ड कैसा रहा है।
सचिन तेंदुलकर टेस्ट क्रिकेट में सर्वाधिक रन बनाने वाले खिलाड़ी हैं। उन्होंने साल 1989 से 2013 के बीच टेस्ट फॉर्मेट खेला। इस दौरान 200 टेस्ट में 15,921 रन बनाए। वहीं, जेम्स एंडरसन ने साल 2003 से 2024 के बीच टेस्ट फॉर्मेट खेला। वह इस फॉर्मेट में सबसे ज्यादा 704 विकेट लेने वाले तेज गेंदबाज हैं।
सचिन तेंदुलकर ने इंग्लैंड के विरुद्ध 32 टेस्ट खेले, जिसमें सात शतक और 13 अर्धशतक के साथ 2,535 रन बनाए। ‘मास्टर-ब्लास्टर’ ने इंग्लैंड की सरजमीं पर 17 टेस्ट खेले, जिसमें 1575 रन जड़े। इस दौरान उनके बल्ले से चार शतक और आठ अर्धशतक आए।
बात अगर जेम्स एंडरसन की करें, तो इस गेंदबाज ने भारत के विरुद्ध 39 टेस्ट में 149 शिकार किए, जिसमें छह बार ‘फाइव-विकेट हॉल’ शामिल है। वहीं, अगर भारतीय सरजमीं पर उनका प्रदर्शन देखें, तो एंडरसन ने यहां 17 टेस्ट में 44 शिकार किए।


