October 31, 2026
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श्रीलंकाई सेना प्रमुख भारत दौरे पर, द्विपक्षीय सैन्य सहयोग मजबूत करने पर जोर

नई दिल्ली, 12 जून। श्रीलंकाई सेना के कमांडर व सेना प्रमुख लेफ्टिनेंट जनरल लसांथा रोड्रिगो बुधवार से भारत के आधिकारिक दौरे पर हैं। उनका यह दौरा भारत व श्रीलंका के बीच द्विपक्षीय सैन्य सहयोग को सशक्त करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।



श्रीलंकाई सेना के कमांडर को भारतीय सेना के वरिष्ठ अधिकारियों ने ऑपरेशन सिंदूर तथा भारत की सुरक्षा रणनीति पर विस्तृत जानकारी दी। साथ ही पाकिस्तान में फल-फूल रहे आतंकियों व आतंकी ठिकानों को लेकर भी श्रीलंकाई सेना के चीफ कमांडर को जानकारी दी गई। वहीं, इस यात्रा के जरिए भारत व श्रीलंका सैन्य प्रशिक्षण व क्षमता वृद्धि के क्षेत्रों में सहयोग के नए रास्ते तलाशने की दिशा में कार्य कर रहे हैं।

रक्षा मंत्रालय का मानना है कि यह दौरा भारत और श्रीलंका के बीच दीर्घकालिक रक्षा साझेदारी को और मजबूत करने के निरंतर प्रयासों को दर्शाता है। लेफ्टिनेंट जनरल लसांथा रोड्रिगो 11 से 14 जून तक भारत के आधिकारिक दौरे पर हैं।

अपनी इस यात्रा के पहले ही दिन उन्होंने नई दिल्ली में नौसेना प्रमुख एडमिरल दिनेश के त्रिपाठी, वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल अमर प्रीत सिंह तथा रक्षा सचिव राजेश कुमार सिंह से मुलाकात की। इन बैठकों में क्षेत्रीय और वैश्विक रक्षा मुद्दों पर गहन चर्चा हुई। बुधवार सुबह सबसे पहले लेफ्टिनेंट जनरल लसांथा रोड्रिगो ने नई दिल्ली स्थित नेशनल वॉर मेमोरियल पर पुष्पांजलि अर्पित कर देश के वीर शहीदों को श्रद्धांजलि दी।

इसके बाद उन्हें साउथ ब्लॉक लॉन में भारतीय सेना द्वारा औपचारिक गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। इस भव्य सम्मान समारोह में भारतीय सेना के वरिष्ठ अधिकारियों ने भाग लिया, जो दोनों देशों के बीच मित्रता का प्रतीक है।

इसके बाद लेफ्टिनेंट जनरल रोड्रिगो ने भारतीय सेना के उप-सेनाध्यक्ष लेफ्टिनेंट जनरल एनएस राजा सुब्रमणि से व्यापक बातचीत की। इस बातचीत में द्विपक्षीय रक्षा सहयोग और क्षेत्रीय सुरक्षा से संबंधित विषयों पर विचार-विमर्श हुआ। उन्हें भारतीय सेना द्वारा ऑपरेशन सिंदूर तथा भारत की सुरक्षा रणनीति पर भी विस्तृत जानकारी दी गई। लेफ्टिनेंट जनरल रोड्रिगो ने मानेकशॉ सेंटर में एक पौधा भी रोपा, जो भारत और श्रीलंका की सेनाओं के बीच समय-परीक्षित मजबूत संबंधों का प्रतीक है। वह गुरुवार को जयपुर जाएंगे और साउथ वेस्टर्न कमांड के जनरल ऑफिसर कमांडिंग-इन-चीफ लेफ्टिनेंट जनरल मंजींदर सिंह से मुलाकात करेंगे।

इसके बाद वह 14 जून को देहरादून स्थित भारतीय सैन्य अकादमी (आईएमए) में पासिंग आउट परेड की समीक्षा करेंगे। यह दौरा उनके लिए व्यक्तिगत रूप से भी विशेष होगा, क्योंकि यहीं से उन्होंने दिसंबर 1990 में 87वें कोर्स के तहत कमीशन प्राप्त किया था। इस अवसर पर श्रीलंकाई सेना के ब्रिगेडियर आरएमएसपी रत्नायके भी उपस्थित रहेंगे, जिनके पुत्र कैडेट आरएमएनएल रत्नायके वर्तमान कोर्स के साथ कमीशन प्राप्त करेंगे।

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