जबलपुर EOW की बड़ी कार्रवाई
जबलपुर/छिंदवाड़ा। आर्थिक अपराध अन्वेषण प्रकोष्ठ (EOW) की जबलपुर इकाई ने लोक निर्माण विभाग (सेतु निर्माण) के सेवानिवृत्त एसडीओ महेन्द्र नागवंशी के ठिकानों पर छापामार कार्रवाई कर बड़ी मात्रा में अनुपातहीन संपत्ति उजागर की है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, छिंदवाड़ा निवासी महेन्द्र नागवंशी के विरुद्ध भ्रष्टाचार के माध्यम से आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने की शिकायत प्राप्त हुई थी। शिकायत के सत्यापन के बाद आरोप प्रथम दृष्टया सही पाए जाने पर आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 (संशोधित 2018) की धारा 13(1)(बी) एवं 13(2) के तहत प्रकरण दर्ज किया गया।
16 अप्रैल को ईओडब्ल्यू की टीम ने परासिया रोड स्थित आवास सहित अन्य ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की कार्रवाई की। इसके लिए तीन अलग-अलग टीमों का गठन किया गया, जिन्होंने एक साथ सर्च ऑपरेशन शुरू किया।
अब तक की जांच में आरोपी और उसके परिजनों के नाम पर करोड़ों की संपत्ति का खुलासा हुआ है। इसमें आवास, नगद राशि, महंगे घरेलू सामान, बीमा पॉलिसियां, सोने-चांदी के आभूषण, वाहन और बैंक खातों में जमा रकम शामिल हैं। इसके अलावा लगभग 25 एकड़ कृषि भूमि और ग्राम उसरिया क्षेत्र में स्थित आटा मिल जैसी बड़ी संपत्तियां भी सामने आई हैं।
ईओडब्ल्यू के अनुसार, अब तक करीब 5.47 करोड़ रुपये की अनुपातहीन संपत्ति का आकलन किया गया है। हालांकि सर्च कार्रवाई अभी जारी है और आगे और संपत्ति सामने आने की संभावना जताई जा रही है।
इस कार्रवाई को जबलपुर और छिंदवाड़ा क्षेत्र में भ्रष्टाचार के खिलाफ एक बड़ी कार्रवाई के रूप में देखा जा रहा है, जिससे विभागीय तंत्र में भी हलचल मच गई है।


