जबलपुर। हाई कोर्ट के समीप स्थित हजरत ख्वाजा अमीनुद्दीन चिश्ती रहमतुल्लाह अलैह दरगाह (कचहरी वाले बाबा) में पाँच दिवसीय उर्स मुबारक का शानदार आगाज़ शनिवार रात महफ़िल-ए-मिलाद के साथ हुआ। उर्स के पहले दिन बड़ी संख्या में अकीदतमंदों ने दरगाह पहुंचकर फातिहा व दुआ में शिरकत की।
महफ़िल-ए-मिलाद में नातख्वां हजरात ने नात-ए-पाक पेश कर माहौल को रूहानी बना दिया, जबकि मौलाना सैयद हुसैन रब्बानी ने अपने इल्मी बयान से लोगों को दीन व इंसानियत का पैगाम दिया। इस दौरान दरगाह परिसर नाराए तकबीर और नाराए रिसालत के नारों से गूंज उठा। महफ़िल के समापन पर सलातो सलाम पेश किया गया तथा मुल्क में अमन, शांति और भाईचारे के लिए खास दुआएं की गईं।
उर्स के अवसर पर दरगाह को आकर्षक विद्युत सज्जा से सजाया गया है। दूर-दराज़ से अकीदतमंदों का आना लगातार जारी है, जिससे दरगाह परिसर में रौनक बढ़ गई है।
शाही सन्दल जुलूस आज
परंपरानुसार कचहरी वाले बाबा का शाही सन्दल जुलूस आज रविवार को शाम 4 बजे नया मोहल्ला स्थित मरहूम चाँद खां के निवास से निकाला जाएगा। जुलूस की कयादत सज्जादानशीन बाबर खां बन्दानवाजी एवं खादिम-ए-आला चंगेज खान अशरफी करेंगे।
जुलूस में नागपुर के मशहूर कोड़े बरसाने वाले मलंग भी विशेष रूप से शामिल होंगे। शाही सन्दल जुलूस नया मोहल्ला से प्रारंभ होकर बड़ी ओमती, पेशकारी, छोटी ओमती और तहसील चौक होते हुए दरगाह शरीफ पहुंचेगा, जहां मजार शरीफ पर चादरपोशी की रस्म अदा की जाएगी।


