जबलपुर जबलपुर सहित पूरे महाकौशल अंचल में भीषण गर्मी ने लोगों का जीना मुश्किल कर दिया है। मई की शुरुआत में जहां आंधी और बारिश से मौसम सुहाना बना हुआ था, वहीं अब तेज धूप और गर्म हवाओं ने हालात पूरी तरह बदल दिए हैं। सोमवार को इस सीजन का सबसे अधिक तापमान 44.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि रात का न्यूनतम तापमान भी 29.5 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया।
मंगलवार सुबह से ही सूरज के तीखे तेवर देखने को मिले। सुबह 11:30 बजे तक तापमान 40.4 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जो पिछले दिन की तुलना में अधिक था। मौसम विशेषज्ञों का अनुमान है कि आज अधिकतम तापमान 45 डिग्री सेल्सियस के करीब पहुंच सकता है।
10 वर्षों में कई बार टूटा गर्मी का रिकॉर्ड
मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार पिछले एक दशक में जबलपुर में कई बार भीषण गर्मी दर्ज की गई है। वर्ष 2018 सबसे अधिक गर्म साबित हुआ था, जब 29 मई को तापमान 45.5 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया था।
मई माह के सबसे गर्म दिन (पिछले 10 वर्षों में)
16 मई 2016 — 44.5°C
28 मई 2017 — 44.1°C
29 मई 2018 — 45.5°C
29 मई 2019 — 44.4°C
25 मई 2020 — 45.0°C
01 मई 2021 — 41.4°C
16 मई 2022 — 44.2°C
24 मई 2023 — 42.0°C
27 मई 2024 — 44.5°C
17 मई 2025 — 41.2°C
वहीं ऐतिहासिक रिकॉर्ड पर नजर डालें तो 25 मई 1954 को जबलपुर में अधिकतम तापमान 46.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था, जो अब तक का सबसे अधिक तापमान माना जाता है।
अगले चार दिन और बढ़ेगी तपिश
मौसम विभाग के अनुसार फिलहाल बारिश का कोई सक्रिय सिस्टम नहीं है, जिसके कारण आने वाले तीन से चार दिनों में गर्मी और बढ़ सकती है। जबलपुर संभाग सहित मध्यप्रदेश का बड़ा हिस्सा इस समय लू की चपेट में है।
विशेषज्ञों ने दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे तक विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है। इस दौरान लू का असर सबसे ज्यादा रहेगा। लोगों को जरूरत पड़ने पर ही घर से बाहर निकलने और अधिक मात्रा में पानी व प्राकृतिक तरल पदार्थ लेने की सलाह दी गई है।
नौतपा में और तपेगा मौसम
मौसम विभाग का अनुमान है कि 25 मई से शुरू होने वाला नौतपा इस बार काफी तीखा रहने वाला है। विशेषज्ञों के अनुसार मई में पश्चिमी हवाओं के प्रभाव से गर्मी अधिक महसूस होती है। दोपहर बाद हवा की रफ्तार बढ़ने से गर्म हवाएं और अधिक परेशान करती हैं। हालात ऐसे हैं कि पंखे और कूलर भी राहत देने में नाकाम साबित हो रहे हैं।


