सोल, 24 जून । इंटरनेशनल डे ऑफ विमेन इन डिप्लोमेसी (आईडीडब्ल्यूआईडी) पर विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने ‘टीम एमईए’ की महिला अधिकारियों को शुभकामनाएं दी हैं। दक्षिण यात्रा के दो दिवसीय आधिकारिक दौरे पर गए विदेश मंत्री ने उनके प्रयासों की सराहना की।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जयशंकर ने टीम की महिला सदस्यों की तस्वीरों का कोलाज साझा करते हुए लिखा, “इंटरनेशनल डे ऑफ विमेन इन डिप्लोमेसी के अवसर पर टीम एमईए की सभी महिला अधिकारियों को हार्दिक शुभकामनाएं।”
उन्होंने टीम की प्रशंसा करते हुए कहा, “मैं भारत के कूटनीतिक हितों को आगे बढ़ाने और वैश्विक स्तर पर देश की पहुंच को मजबूत करने में उनके योगदान को अत्यंत महत्वपूर्ण और सराहनीय मानता हूं।”
कूटनीति में महिलाओं का अंतरराष्ट्रीय दिवस हर साल 24 जून को मनाया जाता है। संयुक्त राष्ट्र महासभा के 76वें सत्र में सर्वसम्मति से यह निर्णय लिया गया कि प्रत्येक वर्ष 24 जून को अंतरराष्ट्रीय कूटनीति में महिलाओं का दिवस के रूप में मनाया जाएगा। यह कूटनीति में महिला राजनयिकों के काम को पहचानने और उनकी सराहना करने का अवसर प्रदान करता है।
यूएन के आधिकारिक वेबसाइट के अनुसार, ये उन महिलाओं को धन्यवाद कहने का एक तरीका है जिन्होंने कूटनीतिक भूमिकाओं में बदलाव किया है। हर साल एक विषय निर्धारित किया जाता है। इस बार की थीम ‘बहुपक्षीय कूटनीति में महिलाओं का नेतृत्व’ रखा गया है।
संयुक्त राष्ट्र और वैश्विक कूटनीति के ताजा आंकड़ों के अनुसार, वैश्विक स्तर पर केवल 22.5 फीसदी राजदूत और स्थायी प्रतिनिधि महिलाएं हैं। संयुक्त राष्ट्र में केवल 21 फीसदी स्थायी प्रतिनिधि महिलाएं हैं। साल 1947 से अब तक नियुक्त किए गए दुनिया के कुल राजदूतों में महिलाओं की हिस्सेदारी मात्र 7 फीसदी रही है।
विमेन इन डिप्लोमेसी सूचकांक के अनुसार केवल न्यूजीलैंड, लिकटेंस्टीन और बेलिज ने अपने शीर्ष कूटनीतिक पदों पर 50 फीसदी महिला राजदूतों को स्थापित किया है, जो लैंगिक समानता की दृष्टि से काफी अहम है।


