जबलपुर। मुख्यमंत्री जनविश्वास अभियान के तहत शुक्रवार को सिहोरा विधानसभा क्षेत्र के ग्रामीण एवं नगरीय क्षेत्रों में जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों के दल ने भ्रमण कर आमजन की समस्याएं सुनीं। विधायक संतोष वरकड़े, कलेक्टर राघवेंद्र सिंह और पुलिस अधीक्षक संपत उपाध्याय ने ग्राम पंचायत गोसलपुर पहुंचकर ग्रामीणों से संवाद किया।
अधिकारियों ने विद्यासागर सेवा आश्रम समिति द्वारा संचालित दिव्योदय अतिशय क्षेत्र सम्मेदगिरि गौशाला, एकीकृत शासकीय कन्या माध्यमिक शाला, आंगनबाड़ी केंद्र, प्राथमिक कृषि साख सहकारी समिति और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र का निरीक्षण किया। कलेक्टर राघवेंद्र सिंह ने छात्राओं से संवाद किया और मध्यान्ह भोजन की गुणवत्ता भी परखी। स्वास्थ्य केंद्र में दवाओं की उपलब्धता, एएनसी पंजीयन और टीकाकरण की जानकारी ली गई।
इसके बाद नगर पालिका सिहोरा के सभाकक्ष में जनसंवाद एवं उद्यम संवाद कार्यक्रम आयोजित हुआ। नागरिकों ने विभिन्न विभागों से जुड़ी समस्याएं अधिकारियों के समक्ष रखीं। विधायक संतोष वरकड़े और कलेक्टर राघवेंद्र सिंह ने समस्याओं को सुनकर संबंधित अधिकारियों को प्राथमिकता से निराकरण के निर्देश दिए।
कलेक्टर राघवेंद्र सिंह ने बताया कि सिहोरा क्षेत्र में अब तक 2400 शिकायतें प्राप्त हुई हैं, जिनमें 1800 का निराकरण किया जा चुका है, जबकि 575 शिकायतों पर कार्रवाई जारी है। उन्होंने बताया कि जिले में कुल 25 हजार शिकायतों में से 18 हजार का निराकरण हो चुका है।
विधायक संतोष वरकड़े ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की यह पहल ‘सरकार आपके द्वार’ की भावना को साकार कर रही है। अभियान के माध्यम से प्रशासन और जनप्रतिनिधि सीधे जनता के बीच पहुंचकर समस्याओं का समाधान सुनिश्चित कर रहे हैं।
उद्यम संवाद में जिला पंचायत सीईओ अभिषेक गहलोत, अपर कलेक्टर नीता राठौर, शैलेंद्र सिंह, रविशंकर राय, सिहोरा एसडीएम ज्योति परस्ते, एसडीओपी आदित्य सिंहारिया, जनपद अध्यक्ष रश्मि मनेन्द्र अग्निहोत्री, नगर पालिका अध्यक्ष संध्या दिलीप दुबे और जिला पंचायत सदस्य अंजली गोलू पांडे सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
कार्यक्रम में जिला उद्योग केंद्र के महाप्रबंधक विनीत रजक, पशुपालन विभाग की उप संचालक डॉ. ज्योति तिवारी और उप संचालक किसान कल्याण एवं कृषि विकास उमेश कटहरे ने स्वरोजगार, डेयरी, कृषि योजनाओं और फार्मर आईडी अभियान की जानकारी दी। मुस्कान स्व सहायता समूह को छह लाख रुपये का ऋण स्वीकृति पत्र भी प्रदान किया गया।


