जबलपुर 30 जून | कोरोना के संक्रमण से आम लोगों के स्वास्थ्य की सुरक्षा के मद्देनज़र पिछले वर्ष की तरह इस बार भी शहर में भगवान जगन्नाथ की रथयात्रा नहीं निकाली जायेगी। यह निर्णय भगवान जगन्नाथ रथयात्रा आयोजन समितियों के पदाधिकारियों द्वारा कलेक्टर कार्यालय के सभाकक्ष में प्रशासन के साथ सपंन्न हुई बैठक में सर्वसहमति से लिया गया।
अपर कलेक्टर हर्ष दीक्षित की अध्यक्षता में आयोजित इस बैठक में समितियों की ओर से कहा गया है कि भगवान जगन्नाथ की रथयात्रा के दिन केवल मंदिरों में सांकेतिक रूप से पूजा पाठ का आयोजन होगा ।इसमें भी पुजारी सहित छह से अधिक व्यक्ति शामिल नहीं हो सकेंगे। बैठक में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रोहित काशवानी, सर्वधर्म समन्वयक एवं रथ यात्रा आयोजक समितियों के संयोजक शरद काबरा भी मौजूद थे।
बैठक में प्रारंभ में अपर कलेक्टर हर्ष दीक्षित ने कोरोना संक्रमण के मद्देनजर शासन द्वारा जारी गाईड लाइन का हवाला देते हुये रथयात्रा आयोजन समितियों से आग्रह किया कि ऐसा कोई आयोजन न किया जाये। जिसमें कोरोना संक्रमण के फैलने का खतरा हो। उन्होंने कहा कि शासन द्वारा जारी गाईड लाइन में ऐसे सभी सामाजिक, राजनैतिक, सांस्कृतिक एवं धार्मिक आयोजनों को पूर्णत: प्रतिबंधित किया गया है। जिनमें जनसमूह एकत्रित होता है। इसके साथ ही सभी धार्मिक एवं पूजा स्थानों पर कोविड प्रोटोकॉल का पालन करते हुये एक समय में छह से अधिक व्यक्तियों के मौजूद रहने पर भी रोक लगाई गई है।
अपर कलेक्टर ने बैठक में कहा कि वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुये कोई भी ऐसे आयोजन नहीं करने चाहिये जिससे कोरोना का संक्रमण बढ़ने का खतरा हो। उन्होंने कहा कि ऐसी स्थिति में और ज्यादा सतर्कता बरतने की जरूरत है। जब कोरोना की तीसरी लहर आने की आशंका व्यक्त की जा रही है। अपर कलेक्टर ने कहा कि जबलपुरवासी कोरोना की दूसरी लहर की भयावहता को देख चुके है और कोई भी यह नहीं चाहेगा कि वही स्थिति फिर से पैदा हो।
बैठक में समितियों के पदाधिकारियों ने स्व प्रेरणा से इस बार भी भगवान जगन्नाथ की रथयात्रा नहीं निकालने के लिये गये अपने निर्णय की जानकारी दी। रथयात्रा आयोजन समितियों ने कहा कि कोरोना के संक्रमण से आम लोगों के स्वास्थ्य की सुरक्षा के लिये के प्रति वे भी सचेत है। और अपनी जिम्मेदारियों को समझते हुये इस बार भी रथयात्रा नहीं निकालने का निर्णय उनके द्वारा लिया गया है। आयोजन समितियों ने स्पष्ट किया कि इस बार भी रथयात्रा को सांकेतिक रूप से ही मनाया जायेगा। और केवल मंदिरों में पूजा पाठ एवं अनुष्ठान किये जायेंगे। इसमें भी कोविड प्रोटोकॉल का पालन किया जायेगा।
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रोहित काशवानी ने बैठक में रथ यात्रा आयोजन समितियों के पदाधिकारियों से उन धार्मिक स्थलों के नोटिस बोर्ड पर अभी से रथयात्रा नहीं निकाले जाने की सूचना अंकित करने का आग्रह किया ।जहां से भगवान जगन्नाथ की रथयात्रा पूर्ण में निकाली जाती रही है। श्री काशवानी ने कहा कि आयोजन स्थल पर सुरक्षा की दृष्टि से इस बार भी पर्याप्त संख्या में पुलिस बल तैनात रहेगा।


