30.5 C
Jabalpur
October 27, 2026
सी टाइम्स
व्यापार

नकारात्मक वैश्विक संकेतों से लाल निशान में खुला शेयर बाजार, आईटी शेयरों पर दबाव

नकारात्मक वैश्विक संकेतों से लाल निशान में खुला बाजार, आईटी शेयर पर दबाव

मुंबई, 2 जून। नकारात्मक वैश्विक संकेतों के कारण भारतीय शेयर बाजार की शुरुआत सोमवार को लाल निशान में हुई। सुबह 9:30 पर सेंसेक्स 660 अंक या 0.81 प्रतिशत की गिरावट के साथ 80,790 और निफ्टी 204 अंक की गिरावट के साथ 24,546 पर था। शुरुआती कारोबार में गिरावट का नेतृत्व आईटी और फाइनेंशियल शेयरों ने किया। निफ्टी आईटी इंडेक्स 1.4 प्रतिशत और निफ्टी फाइनेंशियल सर्विसेज इंडेक्स एक प्रतिशत की गिरावट के साथ लाल निशान में था। इसके अतिरिक्त फार्मा, मेटल, मीडिया और पीएसई इंडेक्स भी लाल निशान में थे। वहीं, पीएसयू बैंक, एफएमसीजी और एनर्जी इंडेक्स हरे निशान में थे।

सेंसेक्स में शामिल शेयरों में एचयूएल, अदाणी पोर्ट्स, इंडसइंड बैंक, नेस्ले, एसबीआई, इटरनल (जोमैटो), एशियन पेंट्स और पावर ग्रिड टॉप गेनर्स थे। एचडीएफसी बैंक, एचसीएल टेक, रिलायंस इंडस्ट्रीज, बजाज फाइनेंस, इन्फोसिस, टाटा स्टील और टेक महिंद्रा टॉप लूजर्स थे। स्मॉलकैप और मिडकैप में तेजी के साथ कारोबार हो रहा है। निफ्टी स्मॉलकैप 100 इंडेक्स 11 अंक की मामूली बढ़त के साथ 17,898 और निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स 80 अंक की तेजी के साथ 57,500 पर था। जियोजित इन्वेस्टमेंट्स लिमिटेड के मुख्य निवेश रणनीतिकार वीके विजयकुमार ने कहा, “बाजार की संरचना मौजूदा कंसोलिडेशन फेस को जारी रखने के पक्ष में है।

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा स्टील और एल्युमीनियम पर 50 प्रतिशत टैरिफ लगाने से स्पष्ट संदेश मिलता है कि टैरिफ और ट्रेड आउटलुक अनिश्चित और अशांत रहेगा। यह प्रतिकूल परिस्थिति बाजारों को प्रभावित करेगी। घरेलू मोर्चे पर अनुकूल परिस्थितियां मजबूत हो रही हैं। शुक्रवार को आया चौथी तिमाही के जीडीपी डेटा में वृद्धि 7.4 प्रतिशत रही है, जो अपेक्षा से कहीं बेहतर है।” अधिकांश एशियाई बाजार लाल निशान में कारोबार कर रहे थे। टोक्यो, हांगकांग, जकार्ता और सियोल में सबसे ज्यादा गिरावट दर्ज की गई। सार्वजनिक अवकाश के कारण शंघाई बाजार बंद रहा। शुक्रवार को अमेरिकी बाजार मिश्रित दायरे में बंद हुए थे। मुख्य इंडेक्स डाउ जोन्स 0.31 प्रतिशत ऊपर और टेक्नोलॉजी इंडेक्स नैस्डैक 0.32 प्रतिशत नीचे बंद हुआ।

अन्य ख़बरें

माइक्रोसॉफ्ट का स्वैच्छिक निकास कार्यक्रम शुरू, भारत समेत चार देशों के 60 हजार कर्मचारी हो सकते हैं प्रभावित

Newsdesk

बैंक ज्यादा ब्याज देते हैं, तो धीमी पड़ती है डिजिटल डॉलर की रफ्तार

Newsdesk

25,000 रुपए की मासिक एसआईपी या 5 लाख रुपए का लंपसम निवेश, 20 साल में किससे बनेगा ज्यादा फंड?

Newsdesk

Leave a Comment

Discover more from सी टाइम्स

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading