बिहार में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने मंगलवार को AI से तैयार किया गया एक व्यंग्यात्मक वीडियो जारी कर नीतीश कुमार नेतृत्व वाली एनडीए सरकार पर करारा हमला बोला है। वीडियो में चिराग पासवान, जीतन राम मांझी और अशोक चौधरी जैसे नेताओं के रिश्तेदारों की राज्य आयोगों में नियुक्तियों को लेकर कथित भाई-भतीजावाद पर तंज कसा गया है।
इस वीडियो में NDA को व्यंग्य करते हुए “नेशनल दामाद आयोग” (National Damad Aayog) कहा गया है।
तेजस्वी ने सोशल मीडिया पर वीडियो साझा करते हुए लिखा:“अगर आप किसी के दामाद हैं, तो ही बिहार राज्य के ‘दामाद आयोग’ के लिए योग्य हैं, जिसे प्रधानमंत्री मोदी और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का संरक्षण प्राप्त है। इसके लाभ सिर्फ खास लोगों के लिए आरक्षित हैं।”
‘दामाद आयोग’ से लेकर ‘जमाई-जीजा-मेहरारू आयोग’ तक तंज
तेजस्वी ने तंज कसते हुए कहा कि अब बिहार में
-
‘जमाई आयोग’,
-
‘जीजा आयोग’, और
-
‘मेहरारू आयोग’ बनाने की भी आवश्यकता है।
उन्होंने कहा कि मंत्री अपने रिश्तेदारों को आयोगों और प्रमुख पदों पर बैठा रहे हैं, जबकि बेरोजगारी, महंगाई और गरीबी जैसे मुद्दों की सरकार को कोई परवाह नहीं।“चिराग पासवान के बहनोई, संतोष मांझी के जीजा आयोग में बैठाए गए हैं। एक सांसद के पति को भी समायोजित कर लिया गया है। अब तो ‘मेहरारू आयोग’ भी बनना चाहिए।”
पीएम मोदी और नीतीश कुमार पर हमला
तेजस्वी ने प्रधानमंत्री मोदी पर भी निशाना साधा, कहा:“प्रधानमंत्री बिहार आते हैं, हमें परिवारवाद को लेकर कोसते हैं और चले जाते हैं। लेकिन अपने गठबंधन में जो कुछ हो रहा है, उस पर कुछ नहीं कहते। हम जानना चाहते हैं कि आरएसएस कोटे से कितने लोगों को आयोगों में समायोजित किया गया है?”
तेजस्वी ने दावा किया कि बिहार सरकार एक “फैमिली एडजस्टमेंट ब्यूरो” बन गई है, जहां मंत्रियों को जबरन पद पर बनाए रखा जा रहा है।
‘भुंजा पार्टी’ और ‘राजनीतिक कोमा’ का तंज
नीतीश कुमार की चुप्पी पर तंज कसते हुए तेजस्वी ने कहा:“मुख्यमंत्री राजनीतिक कोमा में चले गए हैं। भुंजा पार्टी के नेता इस अराजकता का दिव्य आनंद ले रहे हैं, जबकि बिहार को लूटा जा रहा है।”
तेजस्वी यादव के इस व्यंग्यात्मक अभियान के बाद बिहार की राजनीति में हलचल तेज हो गई है। एनडीए सरकार पर भाई-भतीजावाद और राजनीतिक नियुक्तियों में पक्षपात के आरोप पहले से लगते रहे हैं, और अब इस AI वीडियो ने इन आरोपों को एक नया मोड़ दे दिया है।


