Jabalpur News Today : पश्चिम विधानसभा क्षेत्र के कटंगा तिराहे से ग्वारीघाट के बीच चल रहे सीवर लाइन और अमृत योजना 2.0 के निर्माण कार्यों में गुणवत्ता को लेकर बढ़ रही शिकायतों के बीच लोक निर्माण मंत्री श्री राकेश सिंह ने शुक्रवार को अचानक निरीक्षण किया। इस दौरे में उनके साथ नगर निगम आयुक्त श्रीमती प्रीति यादव, अधीक्षण यंत्री नगर निगम कमलेश श्रीवास्तव और अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद थे।
मंत्री राकेश सिंह ने कहा कि “सरकार की मंशा के अनुरूप शहर में विकास कार्य हो रहे हैं, लेकिन सीवर लाइन के कार्य को लेकर जनता में बढ़ती चिंता और शिकायतें हमें चिंतित कर रही हैं।” उन्होंने बताया कि सीवर लाइन और पाइपलाइन के विस्तारीकरण के काम में लेटलतीफी और निर्माण गुणवत्ता की कमी की शिकायतें मिली हैं।
निरीक्षण के दौरान, मंत्री ने विशेष रूप से रिस्टोरेशन कार्य पर ध्यान केंद्रित किया। उन्होंने कहा, “सीवर लाइन डालने के बाद जो रिस्टोरेशन का कार्य किया जा रहा है, उसमें केवल मिट्टी और मलबा डालकर इसे पूरा किया जा रहा था, जो कि अस्वीकार्य है। यदि इसका ध्यान नहीं रखा गया, तो भविष्य में सड़कें धसने और गड्ढे होने की समस्या बढ़ सकती है।”
श्री सिंह ने अधिकारियों को चेताते हुए कहा कि यदि ठेकेदार द्वारा कार्य की गुणवत्ता में लापरवाही बरती गई, तो उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। “इस सड़क का निर्माण व्हाइट टॉपिंग तकनीक से किया जाना है और यदि रिस्टोरेशन कार्य में कोई कमी रही, तो यह प्रक्रिया प्रभावित होगी,” उन्होंने स्पष्ट किया।
इस मौके पर नगर निगम आयुक्त श्रीमती प्रीति यादव ने कहा, “हमारे प्रयासों का मुख्य उद्देश्य शहरवासियों को बेहतर सुविधाएं प्रदान करना है। हम ठेकेदारों के साथ मिलकर काम कर रहे हैं, लेकिन गुणवत्ता में समझौता नहीं किया जाएगा।”
मंत्री राकेश सिंह ने अंत में कहा कि “केंद्र और प्रदेश सरकार जनता की मूलभूत सुविधाओं के लिए प्रतिबद्ध है और हमारा प्रयास है कि सभी निर्माण कार्य गुणवत्ता युक्त हों। यदि किसी भी प्रकार की कोताही मिली, तो जिम्मेदार व्यक्तियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।”
इस निरीक्षण ने यह स्पष्ट कर दिया है कि सरकार विकास कार्यों में गुणवत्ता को प्राथमिकता देने के लिए प्रतिबद्ध है और ऐसे मामलों में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जबलपुर शहर के निवासी अब यह उम्मीद कर सकते हैं कि सीवर लाइन और अमृत योजना 2.0 के कार्य गुणवत्ता के साथ संपन्न होंगे, जिससे उनकी मूलभूत सुविधाओं में सुधार होगा।


