39.4 C
Jabalpur
June 16, 2026
सी टाइम्स
प्रादेशिक

आयुष्मान योजना ठप: जिला अस्पताल विक्टोरिया में मुफ्त इलाज पर ब्रेक, मरीज जेब से खर्च को मजबूर



जबलपुर। गरीबों के लिए संजीवनी मानी जाने वाली आयुष्मान भारत योजना जबलपुर के जिला अस्पताल विक्टोरिया में लगभग ठप हो चुकी है। योजना का संचालन कर रही कंपनी का टेंडर खत्म होते ही हालात ऐसे बन गए हैं कि अस्पताल पहुंच रहे मरीजों को मुफ्त इलाज के बजाय अपनी जेब से भुगतान करना पड़ रहा है।
जानकारी के अनुसार, सरकारी अस्पतालों में आयुष्मान योजना का टेंडर 22 दिसंबर को समाप्त हो गया था। इसके बाद अस्थायी व्यवस्था का भरोसा जरूर दिलाया गया, लेकिन जमीनी हकीकत यह है कि जिला अस्पताल विक्टोरिया सहित जिले के अधिकांश शासकीय अस्पतालों में न तो नए आयुष्मान कार्ड बन रहे हैं और न ही मरीजों का पंजीयन हो पा रहा है।
रोजाना सैकड़ों मरीज जिला अस्पताल पहुंचते हैं, जिनमें बड़ी संख्या गरीब और ग्रामीण अंचलों से आने वालों की होती है। पहले जहां एक्स-रे, सोनोग्राफी, सीटी स्कैन, जांच और इलाज आयुष्मान योजना के तहत निःशुल्क मिलता था, अब उन्हीं सेवाओं के लिए मरीजों को शासकीय दरों पर भुगतान करना पड़ रहा है। इससे मरीजों और उनके परिजनों में भारी नाराजगी देखने को मिल रही है।
स्थिति और गंभीर तब हो गई जब टेंडर खत्म होते ही संबंधित कंपनी ने अस्पताल से सभी आयुष्मान मित्रों को हटा लिया। इसके चलते मरीजों को योजना से जुड़ी कोई स्पष्ट जानकारी नहीं मिल पा रही है। कई मरीज यह तक नहीं जान पा रहे हैं कि उनका आयुष्मान कार्ड सक्रिय है या नहीं और इलाज का खर्च योजना में कवर होगा भी या नहीं। नतीजतन, मरीज काउंटर से काउंटर भटकने को मजबूर हैं।
मेडिकल कॉलेज में भले ही सीमित स्तर पर आयुष्मान सेवाएं जारी हैं, लेकिन वहां भी कर्मचारियों पर अतिरिक्त दबाव बढ़ गया है। दूसरी ओर निजी अस्पतालों में आयुष्मान योजना सुचारु बताई जा रही है, क्योंकि निजी और सरकारी अस्पतालों के लिए अलग-अलग कंपनियों को टेंडर दिए गए हैं।
सरकारी अस्पतालों में टेंडर प्रक्रिया में हो रही देरी का सीधा असर गरीब मरीजों पर पड़ रहा है। इस संबंध में सीएमएचओ डॉ. संजय मिश्रा का कहना है कि नई कंपनी से जुड़ी टेंडर प्रक्रिया पूरी हो चुकी है और जल्द ही व्यवस्था बहाल कर दी जाएगी।
लेकिन तब तक बड़ा सवाल यही है कि जिला अस्पताल विक्टोरिया में इलाज के लिए पहुंचे गरीब मरीज इस प्रशासनिक लापरवाही की कीमत क्यों चुकाएं? आयुष्मान जैसी महत्वाकांक्षी योजना का इस तरह ठप होना न सिर्फ व्यवस्था पर सवाल खड़े करता है, बल्कि गरीबों के भरोसे को भी गहरी चोट पहुंचा रहा है।

अन्य ख़बरें

बंगाल: मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी का ऐलान- दिसंबर में होंगे कोलकाता नगर निगम चुनाव

Newsdesk

गढ़ा पुलिस की कार्रवाई, मेडिकल कॉलेज क्षेत्र से 4 आरोपी शराब के साथ गिरफ्तार

Newsdesk

घमापुर में युवक पर पिस्टल से फायर करने की कोशिश, फायर मिस होने पर सिर पर बट से हमला

Newsdesk

Leave a Reply

Discover more from सी टाइम्स

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading