34.4 C
Jabalpur
April 22, 2026
सी टाइम्स
राष्ट्रीय

सीबीआई ने दिल्ली पुलिस के हेड कांस्टेबल को 2 लाख रुपए की रिश्वत लेते हुए किया गिरफ्तार



नई दिल्ली, 22 अप्रैल केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए दिल्ली पुलिस के एक हेड कांस्टेबल को 2 लाख रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया। यह मामला दिल्ली के द्वारका स्थित एंटी नारकोटिक्स सेल से जुड़ा हुआ है।



सीबीआई ने 21 अप्रैल को मिली एक शिकायत के आधार पर इस मामले में एफआईआर दर्ज की थी। शिकायत में आरोप लगाया गया था कि हेड कांस्टेबल और उसके साथ जुड़े अन्य अज्ञात लोगों ने एक व्यक्ति को झूठे मामले में फंसाने की धमकी दी और उससे 15 लाख रुपए की रिश्वत की मांग की। इसके साथ ही आरोपी ने शिकायतकर्ता को यह भी निर्देश दिया था कि वह पहली किस्त के रूप में 5 लाख रुपए दे।

जांच के दौरान सीबीआई ने जाल बिछाया और 2 लाख रुपए की पहली किस्त लेते हुए आरोपी हेड कांस्टेबल को रंगे हाथों पकड़ लिया। यह रकम कुल 15 लाख रुपए की रिश्वत का हिस्सा थी, जो शिकायतकर्ता से मांगी गई थी।

गिरफ्तारी के बाद सीबीआई ने संबंधित कार्यालय परिसर की तलाशी भी ली, जिसमें लगभग 48.87 लाख रुपए नकद बरामद किए गए हैं। इस बरामदगी के बाद मामले की गंभीरता और बढ़ गई है।

सीबीआई ने बताया कि आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है और आगे की जांच जारी है, ताकि इस मामले में शामिल अन्य लोगों की भूमिका का भी पता लगाया जा सके।

इस कार्रवाई को भ्रष्टाचार के खिलाफ सीबीआई की बड़ी सफलता माना जा रहा है। एजेंसी ने कहा है कि वह सरकारी तंत्र में भ्रष्टाचार पर रोक लगाने के लिए लगातार सख्त कदम उठा रही है और ऐसे मामलों में कोई भी ढिलाई नहीं बरती जाएगी।

सीबीआई ने आम लोगों से भी अपील की है कि यदि उन्हें किसी भी प्रकार के भ्रष्टाचार या रिश्वतखोरी की जानकारी मिलती है, तो वे तुरंत इसकी शिकायत करें, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके और दोषियों को कानून के तहत सजा दिलाई जा सके।

अन्य ख़बरें

मध्य प्रदेश का धार शहर ‘सेफ सिटी’ प्रोजेक्ट के अंतर्गत चयनित

Newsdesk

आपकी ये हरकत पूरे लोकतंत्र के लिए खतरा’, I-PAC रेड मामले में ममता बनर्जी के दखल पर भड़का SC, लगाई खूब फटकार

Newsdesk

अटल पेंशन योजना ने बनाया रिकॉर्ड, नामांकन 9 करोड़ के पार

Newsdesk

Leave a Reply

Discover more from सी टाइम्स

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading