नई दिल्ली, 5 मई पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के नतीजों के बाद विपक्षी दलों ने चुनाव प्रक्रिया और परिणामों को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं। समाजवादी पार्टी के सांसद अवधेश प्रसाद ने कहा कि इन नतीजों को देखते हुए ऐसा प्रतीत होता है कि देश तानाशाही की ओर बढ़ रहा है।
सपा सांसद अवधेश प्रसाद ने समाचार एजेंसी आईएएनएस से बात करते हुए भाजपा पर पश्चिम बंगाल में गलत तरीके से चुनाव जीतने का आरोप लगाया है। उन्होंने आरोप लगाया कि लोकतंत्र और संविधान खतरे में हैं तथा चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।
अवधेश प्रसाद ने कहा कि किसी भी लोकतंत्र की मजबूती इस बात पर निर्भर करती है कि चुनाव आयोग कितना स्वतंत्र और निष्पक्ष है। हाल के समय में आयोग का आचरण इस कसौटी पर खरा नहीं उतर रहा है। साथ ही उन्होंने केंद्र सरकार पर आरोप लगाया कि चुनाव में केंद्रीय सुरक्षा बलों का इस्तेमाल कर परिणामों को प्रभावित किया गया। स्थानीय कर्मचारियों की जगह बाहरी लोगों को चुनाव ड्यूटी में लगाया गया, जिससे पारदर्शिता पर सवाल खड़े होते हैं।
कांग्रेस सांसद अखिलेश प्रसाद सिंह ने भी चुनाव परिणामों पर आश्चर्य जताया। उन्होंने कहा कि जमीनी स्तर पर माहौल ममता बनर्जी के पक्ष में दिखाई दे रहा था, लेकिन भवानीपुर जैसी सीट से उनकी हार ने लोगों के मन में संदेह पैदा किया है। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में जनता के जनादेश को स्वीकार करना और उसका सम्मान करना आवश्यक है।
कांग्रेस प्रवक्ता सुरेंद्र राजपूत ने कहा कि देश में लोकतंत्र और जनता की शक्ति की जीत हुई है, लेकिन भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और चुनाव आयोग की भूमिका पर सवाल उठते हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि पश्चिम बंगाल और असम में चुनाव के दौरान धर्म और प्रशासनिक तंत्र का इस्तेमाल किया गया, जिससे लोकतंत्र की निष्पक्षता प्रभावित हुई है।
रायपुर में कांग्रेस नेता टीएस सिंह देव ने ममता बनर्जी की हार को लेकर अलग नजरिया पेश किया। उन्होंने कहा कि ममता बनर्जी पहले भी कठिन सीटों से चुनाव लड़ती रही हैं और हार-जीत राजनीति का हिस्सा है। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि पिछली बार भी उन्होंने चुनौतीपूर्ण सीट चुनी थी, जहां उनका पलड़ा कमजोर था।
टीएस सिंह देव ने यह भी कहा कि भारतीय जनता पार्टी को 200 से अधिक सीटें मिलना अप्रत्याशित रहा, जिसने राजनीतिक विश्लेषकों को चौंका दिया है। भाजपा अगर सही तरह से चुनाव लड़ती तो कुछ नहीं हो पाता, इसीलिए गलत तरीके से पश्चिम बंगाल को जीता गया है।


