यरूशलम/तेहरान, 8 जून । इजरायली सेना ने रविवार रात कहा कि ईरान अब तक इजरायल की ओर चार बार मिसाइलों की बौछार कर चुका है। फिलहाल किसी के घायल होने या किसी तरह के नुकसान की तुरंत कोई खबर नहीं मिली है। इन मिसाइलों के कारण उत्तरी इजरायल के कई इलाकों में सायरन बजने लगे। सिन्हुआ समाचार एजेंसी के अनुसार, इजरायल डिफेंस फोर्स (आईडीएफ) के प्रवक्ता एफी डेफ्रिन ने रविवार को कहा कि मिसाइलें दागकर ईरान ने ‘बहुत बड़ी गलती’ की है। उन्होंने यह भी कहा कि सेना आगे होने वाले किसी भी संभावित मिसाइल हमले के लिए पूरी तरह तैयार है। डेफ्रिन ने बताया कि आईडीएफ प्रमुख एयाल जमीर हालात की समीक्षा कर रहे हैं और आगे उठाए जाने वाले कदमों की योजनाओं को मंजूरी दे रहे हैं। हालांकि उन्होंने इस बारे में ज्यादा जानकारी नहीं दी। ईरानी हमलों के बाद, इजरायल की होम फ्रंट कमांड ने पूरे देश में सुरक्षा नियम और सख्त कर दिए हैं। खुले स्थानों पर 200 से अधिक लोगों के इकट्ठा होने पर रोक लगा दी गई है। इमारतों के अंदर होने वाले कार्यक्रमों में भी अधिकतम 500 लोगों को ही अनुमति होगी और वह भी तब, जब वहां सुरक्षित शरण स्थल (प्रोटेक्टेड स्पेस) मौजूद हो। इसके अलावा स्कूलों और समुद्र तटों को भी बंद कर दिया गया है। ये निर्देश तुरंत प्रभाव से लागू कर दिए गए हैं। इजरायली सेना ने लोगों को यह भी सलाह दी है कि वे बंकरों और सुरक्षित कमरों के पास ही रहें, क्योंकि आगे और मिसाइल हमलों की आशंका बनी हुई है। वहीं, ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशन गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) ने रविवार को एक बयान में कहा कि उसने लेबनान में इजरायल की ‘व्यापक कार्रवाइयों’ के जवाब में बैलिस्टिक मिसाइलों से इजरायल के रामात डेविड एयरबेस को निशाना बनाया। ईरान की अर्ध-सरकारी समाचार एजेंसी फार्स के मुताबिक, ईरान के खातम अल-अंबिया सेंट्रल हेडक्वार्टर के प्रमुख कमांडर अली अब्दुल्लाही ने रविवार रात कहा कि अगर इजरायल दक्षिणी लेबनान और बेरूत के दक्षिणी इलाके दाहियेह पर अपने हमले बढ़ाता है या ईरान की कार्रवाई का जवाब देता है, तो उसे ऐसे प्रहार झेलने पड़ेंगे जिनका उसको बहुत पछतावा होगा। ईरान की यह कार्रवाई उस समय हुई जब इजरायल ने रविवार को बेरूत के दक्षिणी उपनगरों पर हवाई हमले किए थे।


