कल तीन संस्थानों की सीलिंग के बाद आज दो प्रतिष्ठानों में संचालकों की सहमति से की गई तालाबंदी*
जबलपुर। शहर में अग्नि सुरक्षा, भवन अनुज्ञा, सुरक्षित निकासी, लाइसेंस एवं जन-सुरक्षा संबंधी नियमों के पालन को लेकर नगर निगम द्वारा निगमायुक्त रामप्रकाश अहिरवार के निर्देशानुसार लगातार निरीक्षण एवं कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में कल शहर के तीन संस्थानों में गंभीर अनियमितताएँ पाए जाने पर सीलिंग की कार्रवाई के बाद आज दिनांक 10 जून 2026, बुधवार को दो अन्य प्रतिष्ठानों पर निरीक्षण किया गया।
निरीक्षण के दौरान रवि प्लास्टिक, गलगला-सराफा रोड तथा अशोक एजेंसी, मुकादमगंज में अग्नि सुरक्षा, भवन सुरक्षा, सुरक्षित आवागमन मार्ग, भवन मानचित्र एवं ट्रेड लाइसेंस संबंधी गंभीर कमियाँ पाई गईं। अनियमितताओं को देखते हुए दोनों प्रतिष्ठानों में संचालकों की सहमति से मौके पर तालाबंदी कराई गई। संयुक्त निरीक्षण के दौरान अग्निशमन विभाग, भवन शाखा एवं लाइसेंस शाखा द्वारा प्रतिष्ठानों की जांच की गई। जांच में पाया गया कि दोनों भवनों में अत्यधिक मात्रा में ज्वलनशील सामग्रियों का भंडारण किया गया था। साथ ही आपात स्थिति में सुरक्षित निकासी एवं आवागमन हेतु पर्याप्त मार्ग उपलब्ध नहीं थे। भवनों में अग्नि सुरक्षा हेतु आवश्यक संसाधनों की स्थापना भी सुनिश्चित नहीं पाई गई।
निरीक्षण के दौरान रवि प्लास्टिक में भवन के भीतर अत्यधिक मात्रा में प्लास्टिक एवं अन्य ज्वलनशील सामग्रियों का भंडारण पाया गया। अग्निशमन विभाग की जांच में पाया गया कि भवन में सुरक्षित आवागमन एवं निकासी हेतु पर्याप्त मार्ग उपलब्ध नहीं था। भवन में केवल एक ही स्टेयर-केस उपलब्ध था, जिसमें भी प्लास्टिक सामग्रियों का भंडारण कर लिया गया था। ऐसी स्थिति में आग लगने अथवा धुआँ फैलने की स्थिति में भवन से सुरक्षित निकासी गंभीर रूप से प्रभावित हो सकती थी। भवन में अग्नि सुरक्षा हेतु आवश्यक संसाधनों की स्थापना भी सुनिश्चित नहीं पाई गई। भवन शाखा द्वारा निरीक्षण में पाया गया कि भवन में अवैध एवं असुरक्षित तरीके से लिफ्ट की स्थापना की गई थी। साथ ही भवन में अत्यधिक मात्रा में भंडारण किया गया था। निरीक्षण के दौरान भवन का स्वीकृत नक्शा प्रस्तुत नहीं किया गया। लाइसेंस शाखा द्वारा जांच में प्रतिष्ठान का नवीनीकृत ट्रेड लाइसेंस उपलब्ध नहीं पाया गया। उक्त गंभीर अनियमितताओं को देखते हुए प्रतिष्ठान संचालक की सहमति से मौके पर तालाबंदी कराई गई।
इसी प्रकार अशोक एजेंसी, मुकादमगंज के निरीक्षण में भवन के भीतर कपूर, अगरबत्ती आदि अत्यधिक ज्वलनशील सामग्रियों का भारी मात्रा में भंडारण पाया गया। अग्निशमन विभाग द्वारा पाया गया कि भवन में सुरक्षित आवागमन हेतु पर्याप्त मार्ग उपलब्ध नहीं था। भवन में केवल एक ही स्टेयर-केस उपलब्ध था, जिसमें कपूर, अगरबत्ती एवं अन्य ज्वलनशील सामग्रियों का भंडारण कर लिया गया था। यह स्थिति आपातकालीन निकासी, राहत एवं अग्निशमन कार्यवाही की दृष्टि से अत्यंत जोखिमपूर्ण पाई गई। भवन में अग्नि सुरक्षा हेतु आवश्यक संसाधनों की स्थापना भी सुनिश्चित नहीं की गई थी। भवन शाखा द्वारा निरीक्षण के दौरान भवन का स्वीकृत नक्शा प्रस्तुत करने के लिए कहा गया, किंतु भवन का नक्शा उपलब्ध नहीं कराया गया। लाइसेंस शाखा द्वारा जांच में प्रतिष्ठान का ट्रेड लाइसेंस भी प्रस्तुत नहीं किया गया। इन गंभीर अनियमितताओं को देखते हुए प्रतिष्ठान संचालक की सहमति से मौके पर तालाबंदी कराई गई।
निगमायुक्त रामप्रकाश अहिरवार ने कहा कि सार्वजनिक उपयोग वाले भवनों, होटल, लॉज, कोचिंग संस्थानों, व्यावसायिक प्रतिष्ठानों, गोदामों एवं ज्वलनशील सामग्री के भंडारण स्थलों में अग्नि सुरक्षा, सुरक्षित निकासी मार्ग, भवन अनुज्ञा, स्वीकृत भवन उपयोग, पार्किंग, वेंटिलेशन, लिफ्ट संरचनात्मक सुरक्षा तथा ट्रेड लाइसेंस संबंधी प्रावधानों का पालन अनिवार्य है। विशेष रूप से ज्वलनशील सामग्री का भंडारण करने वाले प्रतिष्ठानों में अग्निशमन उपकरणों की उपलब्धता, अवरोध-मुक्त स्टेयर-केस, पर्याप्त आवागमन मार्ग, सुरक्षित भंडारण व्यवस्था, वैध ट्रेड लाइसेंस एवं स्वीकृत भवन मानचित्र का होना अत्यंत आवश्यक है। नगर निगम द्वारा प्रतिष्ठान संचालकों को निर्देशित किया गया है कि वे अग्नि सुरक्षा, भवन अनुज्ञा, सुरक्षित निकासी एवं लाइसेंस संबंधी सभी आवश्यक अनुपालन सुनिश्चित करें। अनुपालन पूर्ण होने तथा सक्षम प्राधिकारी से अनुमति प्राप्त किए बिना संबंधित प्रतिष्ठानों में व्यावसायिक गतिविधियाँ प्रारंभ न की जाएँ। नियमों की अनदेखी पाए जाने पर संबंधित संस्थानों एवं प्रतिष्ठानों के विरुद्ध इसी प्रकार कठोर कार्रवाई की जाएगी।


