बेंगलुरु, कर्नाटक के पूर्व मुख्यमंत्री सिद्दारमैया ने सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर 2028 का कर्नाटक विधानसभा चुनाव नहीं लड़ने का ऐलान किया है। उनकी इस घोषणा से समर्थकों में मायूसी देखने को मिली क्योंकि कई लोगों ने उनसे राजनीति में कम से कम एक दशक और सक्रिय रहने की अपील की थी। उन्होंने अपनी पोस्ट में लिखा कि राजनीतिक जीवन के 50 साल सक्रिय रहने के बाद अब वह सक्रिय राजनीति से किनारा करेंगे लेकिन समाजसेवा में सक्रिय भूमिका निभाते रहेंगे। हालांकि, समर्थकों की अपील के बाद भी सिद्दारमैया अपने फैसले पर अडिग रहे और संकेत दिया कि 2028 का चुनाव उनके चुनावी राजनीतिक सफर का आखिरी पड़ाव नहीं बल्कि उससे पहले ही वह चुनावी राजनीति से संन्यास ले लेंगे।सिद्दारमैया ने यह बात मांड्या में आयोजित दिवंगत केआर पेटे कृष्णा की जयंती कार्यक्रम के दौरान कही। कार्यक्रम में मौजूद समर्थकों ने उनसे अपना फैसला बदलने का आग्रह किया और भविष्य में भी चुनाव लड़ते रहने की अपील की लेकिन उन्होंने दोहराया कि वह 2028 के विधानसभा चुनाव में उम्मीदवार नहीं होंगे।उनके इस बयान को कर्नाटक की राजनीति में एक महत्वपूर्ण संकेत माना जा रहा है। लंबे समय से राज्य की राजनीति के प्रमुख नेताओं में शामिल रहे सिद्दारमैया ने अपने बयान से यह स्पष्ट कर दिया है कि वह अब चुनावी राजनीति से दूरी बनाने की तैयारी कर चुके हैं।


