जबलपुर, मध्य प्रदेश | हनुमानताल थानांतर्गत 3 हजार रुपये के फरार ईनामी आरोपी शुभम बागरी पिता राजा राम बागरी ने खुद को उस समय गोली मार ली जब वह पुलिस के साथ एक मकान में छिपाये गये अवैघ हथियारों की तस्दीक के लिये सिविल लाइन थाने में पहुंचा था.
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार फरार ईनामी आरोपी शुभम बागरी पिता राजा राम बागरी उम्र 25 वर्ष निवासी खेरमाई मंदिर के पास थाना हनुमानताल के बारे में पुलिस महानिरीक्षक जबलपुर जोन, जबलपुर कार्यालय में कार्यरत सायबर टीम को विश्वसनीय मुखबिर से सूचना प्राप्त हुई कि फरार ईनामी आरोपी शुभम बागरी थाना विजय नगर अन्तर्गत कचनार सिटी में घूम रहा है.
सूचना पर सायबर टीम के सहायक उप निरीक्षक कपूर सिंह, सहायक उप निरीक्षक विशाल सिंह, आरक्षक अमित पटेल, राजेश पाण्डे, निनित कुशवाहा कचनार सिटी पहुंचे एवं पतासाजी करते हुये शुभम बागरी को पकड़कर फोर व्हीलर वाहन में बैठाकर थाना हनुमानताल ला रहे थे.
पुलिस ने बताया कि सायबर टीम को शुभम के पास अवैध हथियार होने की सूचना थी, जिसके सम्बंध में वाहन में ही पूछताछ के दौरान शुभम बागरी ने सायबर टीम को बताया कि सिविल लाईन क्षेत्र में एक खंडरहरनुमा बंगले में उसने हथियार छिपा रखा है. जिसकी तस्दीक हेतु टीम शुभम बागरी को सिविल लाईन थाने लेकर पहुंची.
सिविल लाईन थाने के बाहर सायबर टीम का स्टाफ चार पहिया वाहन से उतर रहा था. तभी शुभम बागरी ने बदन में छिपाकर रखी हुई खुद की पिस्टल से स्वयं के सिर में गोली मार ली, सायबर की टीम तत्काल घायल शुभम बागरी को लेकर सिटी अस्पताल पहुंची, जिसे भर्ती कर लिया गया, शुभम बागरी सिटी अस्पताल में इलाजरत है. शुभम बागरी के विरूद्ध थाना हनुमानताल में उक्त प्रकरण के अलावा 4 प्रकरण हत्या का प्रयास, आम्र्स एक्ट, मारपीट के पंजीबद्ध होकर न्यायालय में विचाराधीन है.
पुलिस महानिरीक्षक जबलपुर जोन जबलपुर भगवत सिंह चौहान ने प्रथम दृष्टया गिरफ्तारी प्रक्रिया में लापरवाही बरतने पर सायबर टीम के सहायक उप निरीक्षक कपूर सिंह, सहायक उप निरीक्षक विशाल सिंह, आरक्षक अमित पटेल, राजेश पाण्डे, निनित कुशवाहा को निलंबित कर दिया गया है तथा घटित हुई घटना की जांच अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक दक्षिण डॉ संजीव उइके को सौंपी गयी है.


